शाहजहांपुर। चिनौर गांव निवासी प्रमोद श्रीवास्तव की पत्नी अनीता श्रीवास्तव की मौत के बाद परिजनों में पुलिस के खिलाफ जबर्दस्त नाराजगी थी। वह बिना वारंट के प्रमोद को हिरासत में लेने से नाराज थे। इसी नाराजगी में नर्सिंग होम के सामने लखनऊ-पलिया राष्ट्रीय राजमार्ग पर शव रखकर जाम लगा दिया। पुलिस से नोकझोंक भी हुई। करीब एक घंटे तक लोग जाम में फंसे रहे।
मूलत: खुटार थाना क्षेत्र के पिपरिया भागवंत निवासी प्रमोद श्रीवास्तव की चिनौर की अनीता श्रीवास्तव के साथ विवाह हुआ था। बरात के बाद प्रमोद चिनौर में मकान बनवाकर रहने लगा। उसकी सिंचाई विभाग गेस्ट हाउस के पास हेयर ड्रेसर की दुकान है। जबकि अनीता नर्सिग होम संचालक के मकान में खाना बनाती थी। नर्सिंग होम संचालक ने अनीता पर चोरी का आरोप लगाया। आरोप है कि डॉक्टर की शिकायत पर रात में पुलिस उसे पकड़कर चौकी ले गई। इस सदमे के चलते अनीता ने फंदे से लटककर जान दे दी। पोस्टमार्टम होने के बाद परिजन शव को घर ले जाने के बजाय डॉक्टर के अस्पताल के बाहर लेकर पहुंच गए। परिजनों ने प्रमोद को पुलिस द्वारा हिरासत में लेने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए शाम सवा पांच बजे सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। इस बीच महिलाओं ने डॉक्टर पर सख्त कार्रवाई की मांग की। जाम लगने से दोनों ओर से वाहनों की लंबी कतारें लग गई। सूचना पर सीओ सिटी अखंड प्रताप सिंह, सदर इंस्पेक्टर अमित पांडेय भारी पुलिस फोर्स के साथ पहुंच गए। उन्होंने जाम खुलवाने का प्रयास किया। पुलिस से नोकझोंक भी हुई। पुलिस ने एक घंटे के बाद जाम खुलवाया।