जलालाबाद में रामताल का सर्वे करता स्काई लाइन कंपनी का कर्मंचारी। संवाद
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जलालाबाद। भगवान परशुराम की जन्मस्थली जलालाबाद में पौराणिक महत्व के रामताल का सौंदर्यीकरण करने और परशुराम मंदिर को गंगा एक्सप्रेस-वे से जोड़ने की तैयारी की जा रही है। इसे लेकर लखनऊ के आर्किटेक्ट के साथ राजस्व विभाग के कर्मचारी रामताल का सर्वे करने में जुट गए हैं। प्रशासन की प्राथमिकता परशुराम मंदिर तक मुकम्मल रास्ता तैयार करने की है। इसके लिए मोहल्ला सादुल्लागंज में रामताल के पास नई सड़क बनाकर उसे बरेली तथा शाहजहांपुर हाईवे के अलावा गंगा एक्सप्रेस-वे से जोड़ना प्रस्तावित है।
भगवान परशुराम जन्मस्थली पर श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े विभिन्न तरह के होने वाले विकास कार्यों की कार्य योज ना तैयार करने की कवायद तेज हो गई है। प्रशासन का मानना है कि जन्मस्थली के विकास को परशुराम मंदिर तकरास्ता तैयार करना जरूरी है। मोहल्ला सादुल्लागंज में रामताल के पास नई सड़क बनाकर उसे बरेली तथा शाहजहांपुर हाईवे के साथ ही गंगा एक्सप्रेस-वे से जोड़ने की योजना बनाई गई है। रामताल के किनारे उत्तर व पश्चिम दिशा में पाथवे और पूर्व दिशा में पहले से बनीं सीढ़ियों तक पहुंचने का रास्ता बनाया जाना है।
इसके लिए कार्य योजना तैयार करने का काम लखनऊ की एक कंपनी स्काई लाइन को दिया गया है। इससे पहले क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी बृजेंद्र मौर्य इसी कंपनी के आर्किटेक्ट ज्ञान प्रकाश को यहां साथ लाकर उन्हें परिसर का भ्रमण कराने के साथ जरूरी दिशा निर्देश दे चुके हैं। बीते दिन अपनी टीम के साथ यहां पहुंचे आर्किटेक्ट ने तहसीलदार चमन सिंह से मुलाकात की। रामताल के रकबा का चिह्नीकरण आदि कार्य करने के दौरान पानी ज्यादा होने के कारण राजस्व कर्मचारियों को नाव का सहारा लेना पड़ा।