शाहजहांपुर। माध्यमिक स्कूलों में पढ़ने वाली बालिकाओं को सशक्त बनाने के लिए उन्हें आत्मरक्षा के गुर सिखाए जाएंगे। इसके लिए प्रशिक्षकों के आवेदन मांगे गए हैं। इनमें महिला प्रशिक्षक को वरीयता प्रदान की जाएगी।
जिले में 53 राजकीय माध्यमिक विद्यालय हैं। इनमें से 51 में बालिकाएं पढ़ती हैं। इनको मानसिक एवं शारीरिक रूप से सशक्त बनाने और अप्रत्याशित घटना से बचाने के लिए तैयार करने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए उन्हें प्रशिक्षित प्रशिक्षकों से प्रशिक्षण मिलेगा। इनकी नियुक्त रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण के तहत की जाएगी।
प्रशिक्षकों के चयन के लिए आवेदन पत्र 12 जुलाई तक डीआईओएस कार्यालय में जमा किए जा सकेंगे। डीआईओएस हरिवंश कुमार ने बताया कि अंतिम तिथि के बाद कोई आवदेन पत्र स्वीकार नहीं होगा। इसके साथ ही प्रशिक्षक की नियुक्त ग्रामीण क्षेत्र में कार्य करने के लिए तैयार रहने पर की जाएगी।
तीन महीने के लिए मिलेगा 15 हजार रुपये मानदेय
प्रशिक्षकों को प्रतिमाह पांच हजार रुपये मानदेय संबंधित विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा प्रदान किया जाएगा। तीन माह के लिए अधिकतम 15,000 रुपये दिए जाएंगे। प्रशिक्षक एक साथ तीन विद्यालयों में प्रशिक्षण प्रदान कर सकेंगे। प्रशिक्षण की अवधि रोजाना 40 मिनट निर्धारित की गई है।
मार्शल आर्ट में ब्लैक बेल्ट होना जरूरी
प्रशिक्षण के लिए उन खिलाड़ियों का चयन होगा, जिनके पास मार्शल आर्ट में ब्लैक बेल्ट योग्यता प्रमाण-पत्र हो। प्रशिक्षक के रूप में यथासंभव महिला प्रशिक्षक का ही चयन किया जाएगा। महिला प्रशिक्षक नहीं मिलने की स्थिति में पुरुष प्रशिक्षक चयनित होंगे।