राजेंद्र के सुसाइड नोट की हैड राइटिंग का मिलान कराएगी पुलिस
शाहजहांपुर। चौक कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला महमंदगढ़ी निवासी राजेंद्र प्रसाद का शव आरसी मिशन थाना क्षेत्र के मिश्रीपुर श्मशान घाट में फंदे से लटका मिला था। राजेंद्र प्रसाद जी-सर्जिवियर में परचेजर के पद पर कार्यरत रहे थे। शव के पास से ही सुसाइड नोट भी मिला था। इसमें कंपनी प्रबंधन तंत्र पर आरोप लगाया था। पुलिस उनके सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग का मिलान कराएगी।
राजेंद्र प्रसाद की मौत के बाद उनके पुत्र राहुल ने आरसी मिशन थाने पर कंपनी के विनम्र अग्रवाल और घनश्याम दास अग्रवाल पर आत्महत्या के लिए उकसाने की धारा 306 के तहत केस दर्ज कराया था। राजेंद्र प्रसाद ने भी सुसाइड नोट में कंपनी प्रबंध तंत्र पर प्रताड़ित करने के कारण आत्महत्या करने की बात लिखी थी। पुलिस ने केस दर्ज करते हुए विवेचना शुरू कर दी है। मामले की जांच उप निरीक्षक मोहन देव शर्मा कर रहे हैं। थाना प्रभारी महेंद्र सिंह ने बताया कि सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग काफी ज्यादा मायने रखती हैं। उनकी पुरानी कॉपी और बैंक की पासबुक से हैंडराइटिंग को विशेषज्ञ के जरिये मिलान कराया जाएगा। संवाद
मृतक के पुत्र की तहरीर पर केस दर्ज किया गया। मामले की जांच शुरू की जाएगी। सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग का मिलान भी कराया जाएगा। - अखंड प्रताप सिंह, सीओ सिटी