शाहजहांपुर। महानगर बनने के बाद भी दूसरे डिपो की लंबी दूरी की बसें रोडवेज बस अड्डे में नहीं आती हैं। इससे यात्रियों को बरेली मोड़ पर इंतजार करना पड़ता है। संकरे मार्ग पर जाम में फंसने से अधिकतर डिपो की बसों के चालक शहर के अंदर आने से कतराते हैं।
शाहजहांपुर डिपो से लखनऊ, बरेली, दिल्ली समेत कई मार्गों पर निगम की 121 और 77 अनुबंधित बसों का संचालन होता है। लोकल मार्गों पर आवागमन में कोई दिक्कत नहीं होती, लेकिन लंबी दूरी की बसों में सफर के लिए बरेली मोड़ या हरदोई बाइपास पर जाना होता है। जबकि, परिवहन निगम की बसाें को प्रत्येक रोडवेज बस अड्डे पर लेकर जाने के निर्देश हैं। चालकों के मुताबिक, शहर के अंदर का रास्ता लंबा है। संकरे मार्गों से जाम लगने का डर लगा रहता है। इन सड़कों से शाहजहांपुर डिपो की बसें ही मुश्किल से निकल पाती हैं। ऐसे में दूसरे डिपो की बसें सीधे हाईवे से निकल जाती हैं। सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक शैलेंद्र प्रकाश ने बताया कि इस मामले में कोई शिकायत आने पर उच्च अधिकारियों को पत्राचार किया जाएगा। सेटेलाइट बस अड्डे का निर्माण पूर्ण होने के बाद दूसरे डिपो की लंबे मार्ग की बसों का ठहराव भी हो सकेगा।