शाहजहांपुर। तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश अहसान हुसैन ने सगे भाई की हत्या में दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोषी पर दस हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है।
शासकीय अधिवक्ता विनोद शुक्ला ने बताया कि सिंधौली थाना क्षेत्र के गांव बिलईया निवासी हंसराम ने 31 अक्तूबर 2003 को रिपोर्ट लिखाई थी कि उसका छोटा भाई कमलेश फसल रखाने के लिए खेत में गया हुआ था। रात एक-दो बजे शोरगुल सुनकर जब वह खेत पर पहुंचा तो उसके भाई का शव पड़ा हुआ था। धारदार हथियार से उसकी हत्या की गई थी। पुलिस ने अज्ञात हमलावर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली।
विवेचना के दौरान कमलेश के सगे भाई रामकिशन का नाम सामने आया। रामकिशन ने अपने भाई से विवाद में उसकी हत्या की थी। पुलिस ने रामकिशन को गिरफ्तार कर लिया और उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल बांका उसके घर से बरामद कर लिया। पुलिस ने रामकिशन के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय भेजा। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयान और सरकारी वकील विनोद शुक्ला के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने रामकिशन को हत्या का दोषी माना। उसे आजीवन कारावास और दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।