शाहजहांपुर। पंचम अपर सत्र न्यायाधीश गरिमा सिंह ने हत्या के एक मुकदमे में पिता और दो पुत्रों को आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया। दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
अभियोजन पक्ष के अनुसार जैतीपुर थाना क्षेत्र के गांव दोषपुर निवासी मान सिंह ने 16 नवंबर 2014 को रिपोर्ट लिखाई थी कि उसके गांव के धनपाल और उनके पुत्र मालवीर, मदनपाल का खेत उसके खेत से लगा हुआ है। सुबह करीब दस बजे वे लोग अपने ट्रैक्टर से खेत जोत रहे थे। ट्रैक्टर से मान सिंह के खेत की मेड़ टूट गई। इसका मान सिंह के बेटे प्रमोद ने विरोध किया। इस बात से नाराज होकर प्रमोद के साथ उन लोगों ने मारपीट की थी। इसके बाद प्रमोद घर आ गया। पूर्वाह्न 11 बजे मालवीर ने अपने घर के बाहर एक हवाई फायर किया। आवाज सुनकर प्रमोद घर से बाहर आया तभी धनपाल और मदनपाल ने मालवीर से गोली मारने के लिए कहा। मालवीर ने अपने पिता की लाइसेंसी रायफल से प्रमोद को गोली मार दी। इलाज के लिए बरेली ले जाते समय रास्ते में उसकी मौत हो गई। वादी की तहरीर के आधार पर पुलिस ने धनपाल और उसके बेटे मालवीर व मदनपाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और सरकारी वकील शशिमोहन सिंह के तर्क को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने धनपाल, बेटे मदनपाल और मालवीर को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया।