खुटार को तहसील का दर्जा देने को बुलंद की आवाज
प्रशासन द्वारा विकास खंड मुख्यालय बंडा को तहसील बनाने का प्रस्ताव शासन को भेजे जाने से खुटार के बाशिंदे भड़क उठे हैं। उन्होंने सोमवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर खुटार को तहसील का दर्जा किए जाने की मांग बुलंद की। बाद में खुटार तहसील बनाओ संघर्ष समिति की ओर से डीएम को राज्यपाल के नाम दिए ज्ञापन में अपनी मांग के पक्ष में ऐतिहासिक, भौगोलिक और धार्मिक कारण गिनाए। सिटी मजिस्ट्रेट नरेंद्र सिंह को दिए ज्ञापन में कहा गया है कि नई तहसील गठित करने के लिए प्रशासन ने नगर पंचायत खुटार को नजरंदाज करके क्षेत्र की जनता का अपमान किया है। अंग्रेजी शासनकाल में खुटार को तत्कालीन जनपद मोहम्मदी की तहसील का दर्जा मिला था। इस ब्लॉक ने देश को तमाम स्वतंत्रता सेनानी दिए। जनसंख्या और भौगोलिक दृष्टि से खुटार को तहसील बनाना उचित होगा क्योंकि तहसील मुख्यालय बनाने को पर्याप्त जमीन भी उपलब्ध है। ज्ञापन के अनुसार क्षेत्र के कई नागरिक तहसील मुख्यालय बनाने के लिए अपनी निजी जमीन भी दान में देने को तैयार हैं। कृषि उपज में अग्रणी खुटार को तहसील का दर्जा मिलने से कृषि उत्पादन को भी बढ़ावा मिलेगा। ज्ञापन देने वालों में संघर्ष समिति के संयोजक विमलेश गुप्ता, लक्ष्मण गुप्ता, मुकेश कुमार, सियाराम, अवनीश मिश्रा, वारिस अली, डीडी मिश्रा, अर्पित मिश्रा, लेखराज आदि शामिल रहे।