डायट प्राचार्य राकेश कुमार ने इस मसले पर गंभीर संज्ञान लेते हुए
प्रशिक्षु शिक्षकों से कहा कि खाना बनवाने में विद्यालय प्रबंध समिति का
सहयोग लें क्योंकि इस समिति में हर वर्ग के लोग होते हैं। साथ ही ऐसे
बच्चों का सहयोग लें जिनकी माता का बनाया हुआ खाना खाने से दूसरे बच्चे
परहेज करते हैं। ऐसे बच्चों से भोजन बनाने में सहयोग लिए जाने की वीडियो
क्लिप बनाएं। साथ ही यदि कोई अभिभावक विरोध करता है तो उसकी भी वीडियो
क्लीपिंग बनाकर उच्चाधिकारियों को पूरे मामले से अवगत कराएं ताकि समस्या
का निवारण हो। मास्टर ट्रेनर डॉ.अरुण कुमार गुप्ता और ट्रेनर पल्लवीर शर्मा
ने भी इस संबंधी अपने सुझाव रखे। इस दौरान शेफाली राय, प्रीती पाल, वैशाली
गुप्ता, मुख्त्यार अहमद, शफीउर्रहमान, आरती समेत खुटार, कटरा - खुदागंज,
मदनापुर, नगर क्षेत्र, सिंधौली, भावलखेड़ा और ददरौल ब्लॉक से कुल 90
प्रशिक्षु शिक्षक मौजूद थे।