तिलहर (शाहजहांपुर)। पुलिस की जांच पूरी होने तक पूजा उर्फ पायल नीलम और राजवीर के पास ही रहेगी। बच्ची को अपनी बेटी बता रहे आजमगढ़ के रहने वाले दंपती को उसे नहीं सौंपा जाएगा। पुलिस ने शुक्रवार को आजमगढ़ में बच्ची का एक्सरे व अन्य मेडिकल परीक्षण कराए गए हैं।
आजमगढ़ के सदर बाजार थाना क्षेत्र के गांव मढ़िया दुर्गा टॉकीज क्षेत्र निवासी संतोष की डेढ़ वर्ष की पुत्री पूजा वर्ष 2013 में लापता हो गई थी। वहीं, तिलहर थाना क्षेत्र के गांव मोहम्मदपुर हरा निवासी ट्रक चालक सत्यपाल को एक बच्ची 2016 में बालामऊ स्टेशन में एक साधु के पास मिली थी। उसने उस बच्ची को तिलहर के मंसूरपुर गौटिया निवासी राजवीर और नीलम को दे दिया था। बच्ची को पायल नाम देकर तब से उसका पालन-पोषण अपनी बेटी की तरह कर रहे थे।
वहीं, संतोष ने बच्ची के गुम हो जाने पर उसकी गुमशुदगी आजमगढ़ के सदर थाने में दर्ज कराई थी। बाद में पुलिस ने मामले में फाइनल रिपोर्ट भी लगा दी थी। आजमगढ़ की एक महिला की रिश्तेदारी तिलहर में है। उसी के जरिये संतोष को पता चला कि उसकी बेटी राजवीर के घर में है। आठ सितंबर को आजमगढ़ सदर थाने के इंस्पेक्टर राजेश कुमार के साथ संतोष और उसकी पत्नी शशिकला के साथ तिलहर थाने पहुंचे। बच्ची, राजवीर और उसकी पत्नी नीलम को थाने बुलाया गया।
बच्ची अपने माता-पिता के साथ रहने की जिद कर रही है। रात में ही पुलिस नीलम, राजवीर और बच्ची को लेकर आजमगढ़ चली गई। इंस्पेक्टर राजेश कुमार ने बताया कि शुक्रवार को बच्ची का एक्सरे व अन्य मेडिकल परीक्षण कराया गया है। बच्ची संतोष की है या नहीं, यह जांच का विषय है। पुलिस इसकी जांच कर रही है। अग्रिम विधिक कार्रवाई होने तक पायल राजवीर और नीलम के पास ही रहेगी। तिलहर सीओ बीएस वीर कुमार ने बताया कि वह अभी प्रयागराज में हैं। वापस आने पर मामले को देखेंगे। विचार-विमर्श कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।