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Shahjahanpur News: महिला पर एफआईआर दर्ज, फिर परिजनों ने की अंत्येष्टि

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गांव महेशापुर के विपिन का फाइल फोटो। स्रोत परिजन
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खुटार। गांव महेशापुर निवासी विपिन कश्यप की मौत के मामले में परिजनों ने रिपोर्ट दर्ज नहीं होने तक अंतिम संस्कार से इन्कार कर दिया और शव 20 घंटे तक घर में ही रखे रहे। महिला के खिलाफ जहर देने और गैर इरादतन हत्या के आरोप में पुलिस ने जब रिपोर्ट दर्ज की तब परिजनों ने अंतिम संस्कार किया।
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विपिन 13 अप्रैल को गंभीर हालत में गांव के ब्रह्मदेव बाबा स्थान के पास बेसुध मिले थे। खुटार के निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। 14 अप्रैल की रात विपिन की मौत हो गई। सूचना पर पुलिस ने 15 अप्रैल को शव का पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद परिजन शाम छह बजे शव लेकर घर पहुंचे। परिजनों ने आरोपी महिला के खिलाफ विपिन की हत्या की रिपोर्ट दर्ज नहीं होने तक अंतिम संस्कार से इन्कार कर दिया।
मंगलवार सुबह थाना प्रभारी संजय कुमार पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे और परिजनों को समझाया। पुलिस ने तहरीर मांगी, लेकिन कई घंटे तक उन्हें तहरीर नहीं मिली। सूचना पर नायब तहसीलदार अमित कुमार भी मौके पर पहुंचे। बाद में विपिन के भाई सेवाराम ने तहरीर दी।
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सेवाराम ने बताया कि विपिन का खुशबू से प्रेम प्रसंग चल रहा था। विपिन जो भी कमाता था, खुशबू को ही दे देता था। विपिन के खुशबू पर 40 हजार रुपये उधार भी थे। विपिन की शादी तय होने पर खुशबू नाराज होकर विपिन को प्रताड़ित करने लगी। 12 अप्रैल को रुपये मांगने पर खुशबू ने विपिन को पीट दिया।
13 अप्रैल को खुशबू ने विपिन को घर बुलाया और शराब में जहर मिलाकर दे दिया। उन्होंने भाई को खुटार में निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। 14 अप्रैल को भाई के ठीक होने पर छुट्टी दे दी गई। घर आने के कुछ देर बाद विपिन की तबीयत फिर से बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई।
थाना प्रभारी संजय कुमार ने बताया कि विपिन के परिजनों ने तहरीर देने में देरी की। इस कारण शव घर पर रखा रहा। तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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