शाहजहांपुर। प्राइमरी विद्यालय चकभिटारा का निरीक्षण करने पर उप शिक्षा निदेशक को मिड-डे-मील की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं मिली। इस पर उन्होंने सुधार के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने डायट में आधारभूत संरचना को बेहतर बनाने के लिए निर्देशित किया।
बृहस्पतिवार को उप शिक्षा निदेशक डॉ. पवन सचान का आगमन हुआ। उन्होंने खंड शिक्षा अधिकारी मुख्यालय सुरेंद्र कुमार मौर्या के साथ प्राइमरी विद्यालय चकभिटारा का निरीक्षण किया। यहां पर उन्हें छात्र-छात्राओं के लिए तैयार कराए गए मिड-डे-मील की गुणवत्ता अच्छी नहीं मिली। उन्होंने दाल देखकर कहा कि इसको और अच्छा बनाया जा सकता था। रोटी भी ऐसी बनाने के लिए कहा जिससे छात्र-छात्राओं को पोषण मिले।
इसके बाद उच्च प्राथमिक विद्यालय चकभिटारा और कंपोजिट विद्यालय अकर्रा रसूलपुर पहुंचे। अकर्रा रसूलपुर में सभी व्यवस्थाओं की बेहतर स्थिति को देखकर शिक्षकों व स्टाफ की सराहना की। साथ ही दूसरे विद्यालयों के शिक्षकों को सीख लेने के लिए प्रेरित किया। विद्यालयों का निरीक्षण करने के बाद उप शिक्षा निदेशक डॉ. पवन सचान ददरौल स्थित डायट पहुंचे और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने डीआईओएस हरिवंश कुमार से कहा कि डायट को ज्ञान का केंद्र के रूप में विकसित किया जाए।
इसके लिए पुस्तकालय को व्यवस्थित करना होगा। कहा कि इसके लिए लिए प्रस्ताव भेंजें, उसको पास करवाया जाएगा। डायट में उप शिक्षा निदेशक का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत भी किया गया। इसके बाद उन्होंने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय भावलखेड़ा का निरीक्षण भी किया। जहां व्यवस्थाएं संतोषजनक मिली। इस मौके पर डीआईओएस हरिवंश कुमार, बीईओ भावलखेड़ा सुनील कुमार, शिवबोधन, दपिंदर कौर, निकहत परवीन आदि मौजूद रहे।