शाहजहांपुर। दिवाली व भैया दूज पर घर लौटने के लिए रेलवे ने जहां स्पेशल ट्रेन चलाई है वहीं रोडवेज ने बसों की संख्या और फेरे बढ़ाए हैं। इसके बाद भी रविवार को व्यवस्थाएं बदहाल नजर आईं। ट्रेनों व बसों में भीड़ उमड़ी तो सीट घेरने के लिए मारामारी मची रही।
त्योहारों पर नौकरी, कारोबार और शिक्षा के लिए घरों से दूर रहने वालों का अपनों के बीच पहुंचने का सिलसिला शुरू हो जाता है। इस बार भी दिवाली, भैयादूज और छठ पर्व से पहले लोगों के आने-जाने का सिलसिला शुरू हो गया है। इसी वजह से ट्रेनों और बसों में भीड़ उमड़ पड़ी है। हालांकि, ट्रेनों में पहले से बुकिंग होने और देरी से संचालन की वजह से अधिकांश लोग बसों के ही भरोसे हैं।
रोडवेज बस स्टैंड पर बड़ी संख्या में लोग बसों का इंतजार करते दिखे। दूसरी ओर रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया है लेकिन उनकी संख्या कम है। पहले से चल रही ट्रेनों में सीटें खाली नहीं हैं। ऐसे में यात्रियों को जनरल डिब्बों में सफर करना पड़ा। इसके चलते वहां पैर रखने तक की जगह नहीं थी। रविवार को रेलवे स्टेशन पर भीड़ अधिक रही। रोडवेज बस अड्डा प्रभारी विमल कुमार ने बताया कि त्योहारों पर सवारियां अधिक निकल रही हैं। इसे लेकर तैयारी की गई है। किसी भी यात्री को परेशानी न हो, इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है। रूटों पर बसें समय से और नियमानुसार चल रही हैं।
दिल्ली रूट पर 60 बसें लगाई, लोकल के लिए बढ़ाए फेरे
शाहजहांपुर। रोडवेज की ओर से सामान्य दिनों में दिल्ली रूट पर 30 बसों का संचालन किया जाता है। दिवाली व भैया दूज को लेकर 30 अतिरिक्त बसें लगाकर कुल 60 बसों का संचालन कराया जा रहा है। इसका कारण दिल्ली से यहां आने वाले यात्रियों की संख्या अधिक होना है। इसके अलावा लखीमपुर रूट पर भी बसों की संख्या बढ़ाई गई है। इनमें बरेली और सीतापुर रूट की बसों को हटाकर इस रूट पर चलाया गया है। अन्य रूटों पर यात्रियों की संख्या के अनुसार बसों की व्यवस्था की गई है जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े। रेलवे की ओर से एक स्पेशल ट्रेनें ही शाहजहांपुर रूट पर चलाई गईं हैं। अन्य ट्रेनों में पहले से रिजर्वेशन कराने से सीटें फुल हैं। जनरल में जगह मिलना ही मुश्किल है।