पुवायां रोड पर डबल स्टोरी के पास नौ दिन पहले हुए सड़क हादसे में सिंधौली क्षेत्र के गांव नियामतपुर में रहने वाले जदुनाथ सिंह यादव की मौत हो गई थी, जबकि उनका छोटा भाई जय सिंह उर्फ गुड्डू सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया था। लखनऊ एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान शनिवार की रात जय सिंह की मौत हो गई। उनकी मौत से घर में कोहराम मच गया है। जय सिंह के शव का रविवार सुबह दस बजे अंतिम संस्कार कर दिया गया।
गांव नियामतपुर निवासी मदनपाल सिंह यादव के बड़ा बेटा जदुनाथ सिंह यादव शहर में मजदूरी करता था। तीन अक्तूबर की रात वह अपने छोटे भाई जय सिंह के साथ बाइक से घर लौट रहा था। पुवायां रोड पर डबल स्टोरी के पास उनकी बाइक की पुवायां की तरफ से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक से टकरा गई थी। हादसे में जदुनाथ सिंह मौके पर ही मौत हो गई थी। घायल जय सिंह को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। हालत गंभीर होने पर जय सिंह को लखनऊ रेफर कर दिया गया था। लखनऊ एक निजी अस्पताल में शनिवार की रात करीब आठ बजे जय सिंह ने दम तोड़ दिया। लखनऊ में पोस्टमार्टम के बाद परिवार के लोग देर रात उनका शव घर ले आए। रविवार सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
दूसरे बेटे की मौत से घर में मचा कोहराम
मदनपाल और उनकी पत्नी मुन्नी देवी बड़े बेटे जदुनाथ का दर्द भूल भी नहीं पाए थे कि दूसरे बेटे जय सिंह की मौत ने उन्हें तोड़ कर रख दिया। मां मुन्नी देवी दूसरे बेटे की मौत से बदहवास हो गई हैं। लखनऊ से शव पहुंचे ही घर में कोहराम मच गया। जदुनाथ की चिता की आग ठंडी भी नहीं हो पाई थी, कि जय सिंह की मौत हो गई। जय सिंह का शव देखने के लिए मदनपाल के घर में तांता लग गया। मदनपाल के छह बेटों में से दो की आकस्मिक मौत से परिवार में मातम छा गया है। जय सिंह के अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए।