Village of missing The body was found in Ramganga
- फोटो : Village of missing The body was found in Ramganga
जमीन संबंधी विवाद के चलते एक ग्रामीण का शव बृहस्पतिवार को 24 घंटे बाद रामगंगा नदी में उतराता हुआ मिला है। मृतक की बेटी और भाई घर से बुलाकर ले जाने वालों पर हत्या कर शव रामगंगा में फेंक देने का आरोप लगा रहे हैं। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर इस्तफाकिया नदी में डूबकर हुई मौत की तहरीर पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कस्बे के मोहल्ला कुतुलूपुर निवासी लेखराज का 45 वर्षीय पुत्र धनपाल बुधवार सुबह चार बजे बिस्तर से उठकर लापता हो गया था। दोपहर तक वापस नहीं लौटने पर धनपाल की तलाश की गई। तलाशी के क्रम में धनपाल के कपड़े और चप्पल गांव हरिहरपुर के समीप रामगंगा के किनारे रखे मिले थे। ग्रामीणों और परिवार के लोगों ने धनपाल के रामगंगा में डूब जाने की आशंका में गोताखोरों से रामगंगा में तलाश करवाया।
बृहस्पतिवार सुबह पांच बजे धनपाल का शव गांव मौजमपुर के निकट रामगंगा में उतराता हुआ मिला। मृतक के चेहरे से बहते खून को देखकर उसकी पुत्री हरदेवी और भाई महावीर ने जमीन संबंधी रंजिश में परिवार के लोगों पर धनपाल को घर से बुलाकर हत्या कर शव रामगंगा में फेंक देने का आरोप लगा रहे हैं।
मृतक के पिता लेखराज ने बताया कि धनपाल के घर के सामने परिवार के ही एक व्यक्ति की जमीन है। इस जमीन का सौदा धनपाल ने जमीन स्वामी से एक लाख 60 हजार में करके बतौर पेशगी दस हजार रुपये भी देे दिए थे। जमीन की बिक्री तय होने के तीन चार दिन बाद ही जमीन विक्रेता ने धनपाल से किया गया जमीन का सौदा रद्द कर दूसरे के हाथ एक लाख 80 हजार में सौदा कर धनपाल से पेशगी के मिले दस हजार रुपये भी लौटा दिए।
इस मामले में कई दिन से गांव में पंचायत चल रही थी। मृतक धनपाल की पुत्री हरदेवी ने बताया कि बुधवार सुबह चार बजे पड़ोस के ही कुछ लोग जमीन के मामले की पंचायत के लिए पापा को बुला ले गये थे उसके बाद पापा लौट कर नहीं आये। बृहस्पतिवार को उनका शव रामगंगा से बरामद हुआ है। पुलिस ने मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में धनपाल की मौत डूबने से होना बताई गई है। पुलिस इस मामले में कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।