बृहस्पतिवार रात बरेली के फरीदपुर थाना क्षेत्र में डीसीएम और ट्रक की हुई सीधी भिड़ंत में जलालाबाद निवासी डीसीएम चालक और उसके बेटे की मौत हो गई। शुक्रवार देर शाम पोस्टमार्टम के बाद जब दोनों के शव घर पहुंचे तो घर में कोहराम मच गया।
मोहल्ला गौसनगर निवासी 45 वर्षीय जयकिशन खाली पड़े एक छोटे से प्लाट को किराये पर लेकर उसमें झोपड़ी डालकर परिवार सहित रह रहा था। परिवार का भरण-पोषण करने के लिए वह कस्बे के ही एक व्यक्ति की डीसीएम पर ड्राइवरी करने लगा। उसनेे छोटे बेटे 14 वर्षीय भोला को भी मदद के लिए गाड़ी पर अपने साथ रख लिया था।
बृहस्पतिवार शाम पिता-पुत्र लोड डीसीएम को बरेली में खाली करने के बाद उसे वापस लेकर जलालाबाद को चल दिए। रात करीब नौ बजे फरीदपुर के पास स्थित एक पेट्रोल पंप के सामने उनकी डीसीएम सामने से आ रहे ट्रक से टकरा गई। हादसा इतना जबरदस्त था कि डीसीएम के परखच्चे उड़ गए। इस हादसे में पीछे सीट पर सो रहे भोला की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने गंभीर रूप से घायल जयकिशन को बरेली के एक अस्पताल भिजवा दिया। जहां उसकी भी मौत हो गई।
देर रात इस हादसे की खबर जयकिशन की 80 वर्षीय मां देवकली, पत्नी लक्ष्मी को मिली तो वह दोनों गश खाकर गिर पड़ीं।
घर में मौजूद छोटे बेटे बबलू ने पड़ोस के लोगों को बताया। इसके बाद कुछ लोग घटनास्थल को रवाना हो गए। गरीब परिवार का छिन गया सहारा बेहद गरीब परिवार के मुखिया और बेटे की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मृतक के घर में पत्नी के अलावा बूढ़ी मां है बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है, जबकि बड़ा बेटा नशे का लती है घर की गाड़ी चलाने के लिए जयकिशन के अलावा भोला का ही सहारा था। मृतक के परिवार के पास न ही जमीन है और न ही रहने को घर।