जगेन्द्र के घरवालों पर राजीनामे के लिए दबाव बनाने वालों पर पुलिस ने अब तक कोई कार्रवाई नहीं की है। शनिवार को खुद को राज्यमंत्री का कथित सचिव बताने वाले सहित दो लोग धरना स्थल पर मौजूद सैकड़ों लोगों के सामने जगेंद्र के घर पहुंचे थे और राजीनामे का दबाव बनाया था। इसको लेकर मौके पर जमकर हंगामा भी हुआ। लोगों का आरोप है कि यह सत्तापक्ष का ही असर था कि पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने की जरूरत नहीं समझी और उन्हें सुरक्षित निकालकर खुटार से बाहर भेज दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि कोई अन्य धमकी देता तो क्या पुलिस कार्रवाई नहीं करती? बाद में जगेंद्र सिंह के पिता सुमेर सिंह ने राजीनामे का दबाव बनाने वालों के खिलाफ नामजद तहरीर भी दी, लेकिन जांच की बात कहते हुए रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई।
इस संबंध में एसओ राजेश सिंह ने कहा कि अभी जांच चल रही है। जांच कब तक पूरी होगी इसका उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
पुलिस पर दबाव में आने का आरोप
गौरतलब है कि पत्रकार जगेंद्र सिंह के खिलाफ अमित भदौरिया ने अपहरण और हत्या के प्रयास की रिपोर्ट शाहजहांपुर कोतवाली में दर्ज कराई थी। हर मामले में जांच के बाद कार्रवाई का राग अलापने वाली पुलिस ने जगेंद्र के खिलाफ लगे आरोपों की जांच के बाद रिपोर्ट क्यों नहीं दर्ज की? आनन फानन में बिना जांच रिपोर्ट क्यों दर्ज कर ली गई? अमित भदौरिया की पहली तहरीर में जगेंद्र सिंह और अन्य के खिलाफ गंभीर धाराएं नहीं बनती थी, वह तहरीर किसने बदलवाई? जगेंद्र सिंह के पास अमित भदौरिया की पहली तहरीर की कॉपी थी, तो इस बात की जांच क्यों नहीं की गई कि सही तहरीर कौन सी थी और असलियत क्या है? जाहिर है कि दबाव में झूठी रिपोर्ट दर्ज करने के बाद जगेंद्र की गिरफ्तारी के लिए भी दबिश देना शुरू कर दिया गया। जगेंद्र सिंह के मृत्यु पूर्व बयान के बाद भी रिपोर्ट नहीं लिखी गई और जगेंद्र की मृत्यु के बाद दर्ज रिपोर्ट में भी जांच की बात कहकर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
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आठवें दिन भी जारी
रहा धरना प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
खुटार। जगेंद्र सिंह के परिवार के लोग आठवें दिन भी धरना-प्रदर्शन पर बैठे रहे। धरना स्थल पर जगेंद्र के पिता सुमेर सिंह, बहन लवली सिंह, पुत्र राहुल और राजन, पुत्री रचना सहित तमाम लोग मौजूद रहे। मौके पर सुरक्षा की दृष्टि से तमाम पुलिसकर्मी और डॉक्टर आदि मौजूद रहे। जगेंद्र सिंह के पिता सुमेर सिंह ने कहा कि जब तक न्याय नहीं मिल जाता वह लोग धरने से नहीं हटेंगे और किसी भी दबाव में नहीं आएंगे। न्याय केवल सीबीआई जांच से ही मिल सकता है।
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निघासन के पत्रकारों ने दी मदद
खुटार। खीरी जिले के निघासन से रविवार को जगेंद्र सिंह के घर आए पत्रकारों ने जगेंद्र सिंह के परिवार को 6051 रुपए की आर्थिक सहायता का चेक प्रदान किया।
जगेंद्र के बेटे ने मांगा राज्यपाल से मिलने का समय
खुटार। जगेंद्र के पुत्र राघवेंद्र सिंह ने रविवार को राज्यपाल के सचिव से बात की। राघवेंद्र ने बताया कि वह राज्यपाल से मिलकर बात कर अपना पक्ष और सबूत आदि रखना चाहते हैं। राघवेंद्र के अनुसार सचिव ने इस मामले में जल्द ही सकारात्मक जवाब देने की बात कही है।