जगेंद्र प्रकरण में उनकी महिला मित्र के बयान पर सबकी नजर टिकी हुई है। महिला के बयान इस मामले में बहुत महत्वपूर्ण हैं। एसपी के मुताबिक महिला शहर में आ गई है और बयान देने के लिए भी तैयार है। विवेचक के कानपुर से लौटते ही महिला के बयान हो जाएंगे।
कोतवाली पुलिस की दबिश के दौरान जिस दिन जगेंद्र झुलसे थे। उस दिन जगेंद्र की महिला मित्र भी वहां मौजूद थी। महिला मित्र ने बताया था कि वह एसपी ऑफिस में शिकायत करने आई थी, घर जाते समय तत्कालीन कोतवाल श्रीप्रकाश राय ने उन्हें जबरन अपनी गाड़ी में बैठा लिया था और अपने साथ जगेंद्र के घर ले गए थे। दबिश के दौरान राज्यमंत्री के करीबी गुफरान ने उनका हाथ पकड़ रखा था। पुलिस टीम उनके सामने ही मकान में कूदी थी और जगेंद्र पर पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी थी। घटना के बाद जगेंद्र के साथ उनकी महिला मित्र भी जिला अस्पताल गईं थीं। वहां से जब जगेंद्र को लखनऊ रेफर किया गया था तो भी वह साथ गईं। जिस दिन जगेंद्र की मौत हुई थी, तब महिला मित्र लखनऊ में ही मौजूद थी। इसके बाद से वह गायब हो गईं। विवेचक जेपी तिवारी ने उन्हें काफी तलाश किया, लेकिन उनका कहीं सुराग नहीं लगा। उनके मकान में ताला लगा हुआ था। पुलिस ने बयानों के लिए महिला के दरवाजे पर नोटिस चस्पा कर दिया था। इसके बाद भी उनका कहीं पता नहीं लग रहा था। महिला की तलाश में पुलिस के साथ-साथ खुफिया तंत्र भी लगा हुआ था। सोमवार की शाम को एसपी बबलू ने बताया कि जगेंद्र की महिला मित्र शहर में आ गईं हैं और बयान देने को तैयार हैं। विवेचक जेपी तिवारी के हाईकोर्ट से वापस लौटने के बाद उनके बयान होंगे।