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मिलावटी सामान बेचने पर 15.5 लाख का जुर्माना

Fri, 02 Dec 2016 11:33 PM IST
शाहजहांपुर, अमर उजाला ब्यूरो
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 खान-पान की वस्तुओं में मिलावट रोकने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा लिए गए सैंपल जांच में फेल होने पर न्याय निर्णायक अधिकारी/एडीएम (प्रशासन) जितेंद्र शर्मा ने आठ वाद निर्णीत करके संबंधितों पर 15.5 लाख रुपये जुर्माना ठोंका है। इसमें से 8.25 लाख रुपये अर्थदंड विभिन्न उत्पादों के निर्माताओं को भुगतना होगा। 
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बता दें कि होली के दौरान विभागीय अफसरों ने शहर समेत विभिन्न तहसीलों में मिठाई, दूध, आइसक्रीम, बिस्कुट, कोल्ड ड्रिंक्स, ड्रिंकिंग वॉटर आदि के नमूने लिए थे। राजकीय जन विश्लेषक प्रयोगशाला की जांच में कई नमूने फेल होने पर खाद्य सुरक्षा विभाग के अभिहीत अधिकारी टीआर रावत ने एडीएम (प्रशासन) के कोर्ट में निर्माताआें और विक्रेताओं को पक्षकार बनाते हुए मुकदमे दर्ज कराए थे। 
इन्हीं वादों पर एडीएम शर्मा ने जुर्माना वसूलने संबंधी आदेश जारी किए। इसी के तहत खोया पेड़ा का नमूना फेल होने पर कांट के मिठाई विक्रेता मुकेश गुप्ता पर दो लाख रुपये और उनके नौकर कुलदीप पर 25 हजार रुपये, आइसकैंडी के घोल में अखाद्य रंग पाए जाने के मामले में जलालाबाद के अजीत सिंह पर एक लाख रुपये, दूध के नमूनों में एसएनएफ की कमी पाए जाने के मामलों में अल्हागंज के जोगेश पर 50 हजार रुपये और सिंधौली के जहूर पर 75 हजार रुपये जुर्माना किया।
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एडीएम ने बटर बिस्कुट में कमी पाए जाने पर कानपुर की निर्माता कंपनी भगवती फूड्स पर 2.75 लाख रुपये और सिंधौली के विक्रेता शैजान पर 25 हजार रुपये, थंडर ब्लॉक ऑरेंज फ्लेवर वाली कोल्ड ड्रिंक्स में गड़बड़ी मिलने पर हापुड़ की निर्माता कंपनी लाला मदनलाल एंड संस पर चार लाख रुपये और तिलहर क्षेत्र के डभौरा क्रासिंग के विक्रेता धनपाल पर एक लाख रुपये जुर्माना किया है। बेसन में मटर की मिलावट पाए जाने पर मिर्जापुर क्षेत्र के गांव ढाई निवासी जापान बाबू पर एक लाख रुपये और नीरो ब्रांड पैकेज्ड वॉटर में कमी मिलने पर निर्माता श्रीराम खन्ना पर 1.50 लाख रुपये और विक्रेता अशोक खन्ना पर 50 हजार रुपये जुर्माना किया गया है। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी डीपी सिंह ने बताया कि जुर्माना की धनराशि अदा नहीं करने पर संबंधितों को जेल जाना पड़ सकता है।
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