एसपी से मिलीं जिला समाज कल्याण अधिकारी
अवकाश पर चल रहीं जिला समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर अपने खिलाफ पति जिला विकलांग कल्याण अधिकारी रंजीत सोनकर की जहर देकर हत्या कराने के मामले में दर्ज एफआईआर के संबंध में शाहजहांपुर आईं। वह एसपी से मिलीं और पूरे मामले में अपना पक्ष रखा। उन्हें सलाह दी गई कि मामले के विवेचक के समक्ष अपना बयान धारा 161 में दर्ज कराएं। एसपी डॉ. मनोज कुमार ने उन्हें मृत जिला विकलांग कल्याण अधिकारी के शव के पोस्टमार्टम की रिपोर्ट की सत्यापित प्रति उन्हें मुहैया करा दी। बाद में वह सदर बाजार थाना पहुंचीं और अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर की प्रति हासिल की।
सदर बाजार थाना के प्रभारी इंस्पेक्टर केके वर्मा ने बताया कि मनोदशा ठीक ने होने के चलते जिला समाज कल्याण अधिकारी ने अभी इस प्रकरण में अपना बयान दर्ज नहीं कराया है। बीते सोमवार की रात को जिला विकलांग कल्याण अधिकारी रंजीत सोनकर की मौत के मामले में उनके भाई राजेश सोनकर की तहरीर पर जिला समाज कल्याण अधिकरी अर्चना सोनकर पर गैर जमानती धारा 302 और 328 के तहत केस दर्ज किया गया।
बता दें कि जिला कल्याण अधिकारी ने बीते 16 फरवरी को समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर से शादी की थी। शादी के तुरंत बाद ही दोनों के बीच अलगाव हो गया था। दोनों लोग अपने-अपने सरकारी आवास में रहने लगे थे। गत 28 मार्च को रंजीत सोनकर ने डीएम कार्यालय में दाखिल दफ्तर किया था और उसी रोज फैमली कोर्ट में अपने विवाह शून्य करने की अर्जी डाली थी। उसकी सुनवाई 30 अप्रैल को होनी थी। इसी बीच बीती 21 अप्रैल की रात रंजीत सोनकर की उनके आवास पर हालत बिगड़ गई और जिला अस्पताल में उपचार के दौरान आधी रात के बाद मौत हो गई।