दहेज की मांग को लेकर विवाहिता को जिंदा जलाने की कोशिश की गई। विवाहिता ने किसी तरह से जान बचाकर अपने मायके वालों को बुलाया तो दर्जन भर ससुरालियों ने उनको भी मारा पीटा और उनकी कार को रायफलों की बट से पीटकर क्षतिग्रस्त कर दिया। सूचना पुलिस को भी दी गई, लेकिन वह मूकदर्शक बनी रही। पुलिस ने पीड़ितों की रिपोर्ट दर्ज नहीं की और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी ही की गई।
घटना रोजा थाना क्षेत्र के रहीमपुर गांव में सोमवार को घटी। पुवायां क्षेत्र के जलालनगर की सावित्री का आरोप है कि उसकी शादी रहीमपुर गांव के संजीव कश्यप के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही उसके ससुराली दहेज की मांग को लेकर तंग करते आ रहे हैं।
पीड़ित सावित्री का आरोप है कि दहेज के लिए परेशान करने पर वह अपने मायके में ही रह रही थी। उसका पति संजीव 30 अगस्त को समझौता कर उसे विदा करा लाया था। सावित्री का आरोप है कि सोमवार की शाम को ससुरालियों ने उसे मारा पीटा और जिंदा जलाने का प्रयास किया। किसी तरह से उसने अपनी जान बचाई। घटना से अपनी मां शिवरानी को अवगत कराया।
शिवरानी का आरोप है कि जिंदा जलाने की सूचना पर वह अपने घरवालों के साथ कार से रहीमपुर पहुंचीं तो पहले से ही घात लगाये सावित्री के ससुरालियों ने उन्हें घेरकर मारपीट की। उसकी कार को रायफल की बट से प्रहार कर क्षतिग्रस्त कर दिया।
शिवरानी का आरोप है कि सूचना पर रोजा पुलिस भी आई, लेकिन वह मूकदर्शक बनी रही और उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की। आरोप है कि मुकरमपुर के एक दलाल ने पुलिस को मैनेज कर लिया है, इस कारण पुलिस ने उसकी रिपोर्ट दर्ज नहीं और पीड़ितों को ही डांट डपटकर थाने से भगा दिया। इसकी शिकायत उच्चाधिकारियों से की गई है।
रहीमपुर में सोमवार की रात झगड़ा हुआ था। कार भी क्षतिग्रस्त हुई है, लेकिन पीड़ित पक्ष ने कोई तहरीर नहीं दी। वह अपनी कार का हर्जाना मांग रहे थे, जिसको आरोपियों ने देने से मना कर दिया। जिंदा जलाने की बात जांच में सामने नहीं आई है।
- आरएन चौधरी, प्रभारी निरीक्षक,रोजा