गंगा के खादर में बसे गांव बख्तावरगंज (लुखड़पुरा) में शनिवार शाम करीब पांच बजे शकरकंद के खेत में जबरन पशु चराने के विवाद में बाप-बेटे की गोली मारकर हत्या कर दी गई। दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। मृतक के भतीजे पर भी हमलवार ने गोलियां दागीं और भाग निकला। उसे गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना मिलते ही जलालाबाद सर्किल के थानों की फोर्स के साथ अधिकारियों ने गांव में डेरा डाल दिया है।
बख्तावरगंज निवासी मृृतक अमर सिंह यादव के भाई बृजपाल सिंह यादव ने बताया कि उसनेे ग्राम महोलिया के राजूू जाटव का 15 बीघा खेेत बंटाई पर लिया है। खेत में शकरकंद की फसल बोई हुई है। शनिवार शाम को इसी खेत मेें गांव का हिस्ट्रीशीटर रामआसरे यादव अपनेे भाई -भतीजे के साथ जबरन पशु लेकर घुस आया और चराने लगा। उसके मना करने पर रामआसरे और उसके बीच खेेत मेे ही गाली गलौज हुई। फिर रामआसरे दौड़कर अपने घर गया और अपने भाई फूलसिंह, पुत्र घुम्मने उर्फ रामकिशोर और रजनीश के साथ नाजायज असलहे लेकर आ गया। इधर खेत सेे घर लौटने की तैयारी कर रहे उसकेे भाई अमर सिंह यादव (50), उनके बेटे तेजराम यादव (27) और भतीजा भोला पुत्र बृजपाल पर रामआसरे ने अंधाधुंध फायर झोंक दिया। अमर सिंह और तेजराम की मौके पर ही मौत हो गई जबकि भोला गंभीर रूप से जख्मी हो गया। उसके मुंह में गोली लगी है।
सूचना मिलते ही एसपी ग्रामीण शिवराम यादव सर्किल के कलान, परौर, अल्हागंज और जलालाबाद थानों के पुलिस फोर्स के साथ शाम छह बजे मौके पर पहुंच गये। आरोपियों के घर तुरंत दबिश देकर तलाशी ली लेकिन कोई नहीं मिला। थानाध्यक्ष मिर्जापुर प्रभुकांत ने पहले ही मौके पर पहुंचकर गंभीर घायल भोला को जिला अस्पताल भेज दिया।