गांव टाह खुर्द कलां स्थित राजकीय गो सदन में चारागाह की लगभग 13 एकड़ भूमि पर अवैध कब्जा कर गेहूं की फसल बो दी गई, लेकिन प्रबंधक ने अधिकारियों को मामले की जानकारी देने की जरूरत नहीं समझी।
गो सदन की लगभग डेढ़ सौ एकड़ भूमि प्रति वर्ष ठेके पर उठाई जाती है। कुछ अधिकारियों की साठगांठ से कम जमीन नीलामी में लेकर अधिक भूमि पर कब्जा कर खेती करने का खेल गो सदन में वर्षों से खेला जा रहा है। इस बार भी गायों के चरने के लिए छोड़ी गई भूमि में 13 एकड़ भूमि पर अवैध कब्जा कर गेहूं की फसल बो दी गई। जिस व्यक्ति ने अवैध कब्जा किया है उसने पांच एकड़ जमीन ठेके पर ले रखी है। गो सदन के प्रबंधक का काम देख रहे पुवायां पशु अस्पताल के प्रभारी डॉ. एसके अग्रवाल ने अधिकारियों को अवैध कब्जे की जानकारी देने की जरूरत नहीं समझी।
गो सदन प्रबंध समिति के सदस्य केके सक्सेना ने गो सदन की अध्यक्ष डीएम को पत्र देकर मामले को उठाया तो जांच के निर्देश दिए गए। सीवीओ ने प्रबंधक को अवैध कब्जा हटवाने के निर्देश देते हुए एसडीएम को भी पत्र देकर कब्जा हटवाने में राजस्वकर्मियों की मदद का पत्र भेजा, लेकिन 15 दिन बीत जाने के बाद भी स्थित जस की तस है।
मुझे अवैध कब्जे की जानकारी हुई तो मैंने सबसे पहले कब्जा करने वाले से अवैध कब्जा हटाने को कहा। बाद में अधिकारियों से शिकायत के बाद पैमाइश कर कब्जा हटवाने का आदेश हुआ है। मैंने 12 जनवरी को एसडीएम को पत्र देकर पैमाइश कराने की मांग की है। वहां से अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
- डॉ. एसके अग्रवाल, उप मुख्य चिकित्साधिकारी, पुवायां