पुवायां। धोखाधड़ी के आरोप में कोर्ट के आदेश पर अधिवक्ता, उसके मुंशी और एक किसान के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
खुटार के गांव टाह खुर्द कलां निवासी हरद्वारीलाल ने बताया कि गांव के ही ओमकार और ओमप्रकाश उसके पास आए और जमीन बिक्री करने की बात कहते हुए उससे जमीन खरीद लेने को कहा। उसने दो हिस्सों में बैनामा कराने की बात कहते हुए जमीन खरीदने की बात कही और तहसील में पड़ताल कराई तो पता चला कि ओमकार ने अपनी जमीन पर कई इकरारनामे करा रखे हैं। ओमकार से कहने पर उसने सभी इकरारनामे कटवा देने की बात कही और कुछ दिन बाद इकरारनामे काटे जाने की छाया प्रतियां उसे उपलब्ध करा दीं। उसने ओमकार के बताए वकील और मुंशी को कागज दिखाए तो दोनों ने कागज ठीक बताते हुए कहा कि अब बैनामा हो सकता है।
वकील के कहने पर सात जुलाई 14 को उसने जमीन का आधा भाग अपने और अपने भाइयों के नाम खरीद लिया और शेष भूमि का बैनामा 16 अप्रैल 15 को करा लिया। यह बैनामा भी ओमकार के वकील और उसके मुंशी ने कराया। बैनामा कराने से पूर्व पूरी राशि भी दे दी गई। इस बीच ओमकार के वकील, मुंशी और ओमकार से सांठगांठ कर 20 नवंबर 14 को ओमकार से जमीन का इकरारनामा मुंशी के नाम करा लिया और उसे जानकारी नहीं दी गई। जानकारी होने पर वकील से बात हुई तो ओमकार इकरारनामा कटवाने के तीन लाख रुपये और मांगने लगा। मना करने पर ओमकार, उसके वकील और मुंशी ने हाथापाई करने का प्रयास किया, जिस पर उसने भागकर जान बचाई। आरोपियों ने उसे झूठे मामले में फंसा देने की धमकी भी दी। हरद्वारी के अनुसार पुलिस को तहरीर देने पर कार्रवाई नहीं हुई तो उसने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर ओमकार, ओमकार के वकील और मुंशी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।