लूट की वारदात में पुलिस ने बदलवाई तहरीर
सराफा व्यापारी ने कहा कि पुलिस ने शाम सात बजे तक थाने में बैठाया
मजबूरन बदलनी पड़ी तहरीर, दर्ज हो सही धाराओं में रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
चांदपुर/ खुटार (शाहजहांपुर)।
पूरनपुर के सराफा व्यापारी नीरज कुमार का आरोप है कि खुटार एसओ ने उसे लूट की तहरीर बदलने पर मजबूर कर दिया। बिना तहरीर बदले उसे थाने से हटने नहीं दिया गया। मजबूरन उसे हाथ से लिखी दूसरी तहरीर देनी पड़ी। पहली टाइप की हुई तहरीर भी पुलिस के पास है।
गौरतलब है कि 31 दिसंबर की शाम पूरनपुर के मोहल्ला साहूकारा निवासी सराफा व्यापारी नीरज कुमार खुटार के गांव नवदिया नवाजपुर स्थित अपनी सराफा की दुकान बंद कर जोगराजपुर रेलवे स्टेशन जा रहा था। उसके पास जेवरों से भरा थैला भी था। गांव बेला और तुलापुर के बीच पीछे से बाइक सवार तीन बदमाशों ने उस पर तमंचे तान कर जान से मारने की धमकी देते हुए जबरन रोक लिया और ढाई किलो चांदी और दस ग्राम सोने के जेवर, साढ़े पांच हजार रुपये लूट लिए। बदमाश शोर मचाने और कहीं भी शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए चले गए।
लूट के बाद नीरज भय के कारण घर चला गया और सोमवार को खुटार थाने पहुंचकर पुलिस को लूट की तहरीर दी। नीरज ने बताया कि तहरीर देने पर एसओ बिरजाराम उसे गाड़ी में बैठाकर घटना स्थल पर ले गए और वापस थाने लाकर बैठा लिया। इसके बाद उस पर तहरीर बदले जाने का दबाव बनाया जाने लगा। मना करने पर शाम तक थाने में ही बैठाए रखा गया और तहरीर नहीं बदलने पर थाने से न जाने देने की धमकी दी गई। मजबूरन उसे पुलिस के अनुसार ही तहरीर देनी पड़ी। नीरज के अनुसार पुलिस ने उससे लिखवाया है कि घर जाते समय वह रास्ते में लघुशंका को रुका तो तीन लोग उसका जेवरों वाला थैला लेकर भाग गए। उधर, एसओ बिरजाराम का कहना है कि नीरज की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। उसने लघुशंका के समय कुछ लोगों के थैला लेकर भाग जाने की तहरीर दी है। एसओ के अनुसार पूरी घटना ही संदिग्ध प्रतीत होती है।