शाहजहांपुर। चौक कोतवाली क्षेत्र के कांट रोड पर स्टेट गॉर्डन में शराब कंपनी के दफ्तर से एक करोड़ से ज्यादा की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया। चार आरोपियों को पुलिस ने अजीजगंज डैम के पास से मुठभेड़ में गिरफ्तार करने और एक को पुवायां से दबोचने का दावा किया है। उनके पास से पूरी रकम की शत-प्रतिशत बरामदगी भी की गई है।
15 अगस्त की रात को पोंटी चड्डा की शराब कंपनी के स्टेट गार्डन स्थित आफिस में एक करोड़ से ऊपर की चोरी हो गई थी। हेड कैशियर दिलीप जायसवाल ने कंपनी के सिटी हेड राहुल मिश्रा व उसके एक अन्य साथी को नामजद किया था। राहुल व उसका साथी दावत के नाम पर मीट और पनीर लेकर आए थे। खाने में लखीमपुर से लाई नशे की गोलियों को मिलाकर सभी को बेहोश कर दिया था। ऑफिस की अलमारी से ताला खोलकर एक करोड़ तीन लाख रुपये व एक दिन की शराब बिक्री के चार लाख रुपये चोरी किए थे। एसपी एस. आनंद ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छह टीमों को लगाया। तफ्तीश में तीन और लोगों के शामिल होने की पुष्टि हुई। बृहस्पतिवार रात चौक कोतवाली पुलिस के इंस्पेक्टर बृजेश सिंह, एसओजी प्रभारी रोहित सिंह, सर्विलांस सेल प्रभारी नीरज सिंह ने अजीजगंज डैम पर नए पुल के पास बाग में खंडहर में बने मंदिर के पास चार आरोपियों की घेराबंदी की।
एसपी एस. आनंद ने शुक्रवार को पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता में बताया कि मुठभेड़ के बाद थाना पुवायां के मोहल्ला गढ़ी हाल पता ग्राम रामापुर बरकतपुर थाना रोजा निवासी राहुल मिश्रा, गीतेश वर्मा निवासी मोहल्ला गढ़ी थाना पुवायां, सुधीर यादव निवासी ग्राम डभौरा थाना गढ़िया रंगीन हाल पता आवास विकास कॉलोनी चौक कोतवाली को गिरफ्तार किया। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने जमीन में दबाए 82 लाख पांच हजार रुपये बरामद किए। चंद्रभान निवासी ग्राम मोहनपुर थाना पुवायां की उसके मकान पर दबिश देकर गिरफ्तारी की गई है।
रोजा में किराए के मकान पर बना था प्लान
राहुल ने बताया कि उसने रोजा स्थित किराए के मकान में चोरी की योजना बनाई थी। वह, उसका साथी गीतेश, सुधीर यादव, जितेंद्र उर्फ जीते ने छुट्टी के कारण बैंक बंद होने के चलते अधिक रुपया होने के चलते उसी दिन घटना को अंजाम देने का प्लान बनाया था। राहुल और गीतेश ने अपना खाना निकालने के बाद बाकी में नशे की गोलियां मिला दी थीं। राहुल और गीतेश खाना खाने के बाद दफ्तर में रुक गए थे। जबकि योजना के अनुसार सुधीर और जितेंद्र कार्यालय से कुछ दूरी पर इंतजार कर रहे थे।
तीन आरोपी नेपाल गए, साठ हजार रुपये किए खर्च
चारों आरोपियों ने कैश उड़ाने के बाद अपने घर पर कुछ रुपये रख दिए थे। राहुल ने रोजा के किराए के मकान पर छह लाख 30 हजार रुपये, सुधीर ने चार लाख 60 हजार, जितेंद्र ने तीन लाख 90 हजार व गीतेश ने पांच लाख 20 हजार रुपये अपने घर पर रखे थे। आरोपियों ने चंद्रभान सिंह को लालच देकर योजना में शामिल किया। राहुल, गीतेश और जितेंद्र नेपाल चले गए। वहां उन्होंने 60 हजार रुपये के आसपास की रकम खर्च की। पुवायां के चंद्रभान के घर के पास गन्ने के खेत में गड्ढा खोदकर दबाए 82 लाख रुपये पुलिस ने बरामद कर लिए।
शराब कंपनी से निकाला गया था सुधीर यादव, वही मास्टरमाइंड
एसपी ने बताया कि पूरे केस का मास्टरमाइंड सुधीर यादव है। वर्ष 2013 में निगोही में शराब कंपनी के सुपरवाइजर सुरेश जायसवाल की हत्या के आरोप में वह जेल गया था। उसे कंपनी से निकाल दिया गया था। काफी प्रयास करने के बाद भी उसका कंपनी में प्रवेश न हुआ तो उसने रुपया उड़ाने के लिए प्लान तैयार किया था। एक महीने तक शराब कंपनी की दुकानों के रुपये का आंकलन करने के साथ चोरी की योजना को अंजाम देने की रणनीति तैयार की थी।
गारंटरों के जरिये रखा गया था राहुल
शराब कंपनी में सिटी हेड की पोस्ट पर कार्यरत राहुल मिश्रा को नियुक्ति यूं ही नहीं मिली थी। उसकी दो लोगों ने गारंटी ली थी। हालांकि, कंपनी ने उसका पुलिस सत्यापन नहीं कराया था। एक करोड़ से ऊपर की धनराशि को उड़ाने वाले युवकों ने चोरी से लेकर रुपये खर्च करने तक का प्लान बनाया था। पुलिस के मुताबिक, दोनों चोरी के रुपये से रातों-रात लखपति बनकर अपना बिजनेस खड़ा करने की योजना बना रहे थे।
पुलिस टीम ने 48 घंटे के अंदर घटना का वर्कआउट किया है। आईजी और एडीजी ने पुलिस टीम की सराहना की है, साथ ही शासन स्तर से पुरस्कार दिलाने की बात कही है। - एस. आनंद, एसपी