मृतक रामजीत का फाइल फोटो। स्रोत: परिजन
जलालाबाद। गांव में चल रही भागवत कथा में जाने की बात कहकर सोमवार रात घर से निकले अकाखेड़ा निवासी रामजीत (30) का शव मंगलवार शाम गांव से कुछ दूर कच्चे रास्ते के किनारे पड़ा मिला। शव पर कई जगह खरोंच के निशान थे। सूचना पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने जांच की।
गांव के भैयालाल की काफी समय पहले मौत हो चुकी है। उनके चार बेटों में सबसे बड़े रामजीत सोमवार रात आठ बजे गांव में चल रही भागवत कथा में जाने के लिए निकले थे। कथा का विश्राम हो जाने के बाद भी उनके नहीं लौटने पर घरवालों ने तलाश शुरू की, लेकिन कुछ पता नहीं लग सका। रामजीत का छोटा भाई बाहर रहकर मजदूरी करता है। घर में रामजीत की मां के अलावा दो भाई हैं, जो काफी छोटे हैं। मंगलवार सुबह से परिजन फिर से रामजीत की तलाश में लग गए। शाम करीब पांच बजे चौक मनोरथपुर-कटकिया के कच्चे संपर्क मार्ग पर एक खेत किनारे रामजीत का शव पड़ा देखा गया।
जानकारी होने पर रोते बिलखते मृतक के परिजन वहां पहुंचे। घरवाले रामजीत की मौत के बारे में कुछ भी नहीं बता पा रहे हैं। इंस्पेक्टर क्राइम रवि कुमार ने बताया कि मौत की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। घरवाले भी रंजिश से इन्कार कर कुछ नहीं बता पा रहे हैं।