संतकबीरनगर। डीएम से शिकायत करने बुधवार को भाई- बहन के साथ कलक्ट्रेट पहुंची छेड़खानी पीड़ित हाईस्कूल की छात्रा बेहोश हो गई। डीएम की गाड़ी के पास करीब दस मिनट तक वह बेहोश रही। इसकी जानकारी पाकर डीएम-एडीएम उसके पास पहुंचे और महिला थाने के प्रभारी को बुलाकर अपनी गाड़ी से छात्रा को जिला अस्पताल भेजवाया। छात्रा के भाई का आरोप है कि पुलिस आरोपियों पर केस दर्ज करने के बाद चुप बैठ गई, जिससे उसकी बहन आहत है।
महुली क्षेत्र की रहने वाली पीड़ित छात्रा के भाई का कहना है कि उसकी 18 वर्षीय बहन हाईस्कूल में पढ़ती है। वह 26 मार्च की शाम चार बजे नित्यक्रिया के लिए बाहर गई थी। रास्ते में गांव के चार आरोपियों ने उसके साथ छेड़खानी की। पीड़िता ने विरोध किया तो आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी। छात्रा घर पहुंच कर मां- पिता और बड़ी बहन को आपबीती बताई। बड़ी बहन उलाहना देने के निकली तो चारों आरोपी रास्ते में बैठे मिले। छात्रा की बड़ी बहन ने नाराजगी जाहिर की। उससे नाराज चारों आरोपी शाम सात बजे हॉकी, डंडे लेकर पीड़िता के दरवाजे पर चढ़ आए। चारों अपशब्दों का इस्तेमाल करते हुए पीड़ित छात्रा और उसकी बहन को दौड़ाकर पीटने लगे। पिटाई से छेड़खानी पीड़ित छात्रा के सिर और पेट में गंभीर चोटें आईं। भाई घायल बहन को अस्पताल में पहुंचाया। इस मामले में पुलिस ने चारों आरोपियों पर केस दर्ज किया। आरोप है कि केस दर्ज करने के बाद पुलिस चुप बैठ गई। पुलिस न तो घायल छात्रा की मेडिकल जांच कराई। न ही आरोपियों की गिरफ्तारी की। इसकी शिकायत करने छात्रा अपनी बहन और भाई के साथ डीएम दफ्तर पहुंची थी। करीब दस मिनट तक छात्रा मौके पर बेहोश रही।
डीएम संदीप कुमार और एडीएम अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने महिला थाने के प्रभारी ब्रजेश यादव को बुलाया। डीएम ने तत्काल अपनी गाड़ी से बेहोशी की हालत में छात्रा को जिला अस्पताल भेजवाया। एसओ महुली संतोष मिश्रा ने बताया कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर आरोपी विकास, विनय समेत चार पर मुकदमा दर्ज किया गया। इसमें दो आरोपी किशोर हैं। मुकदमा दर्ज करने के दौरान पीड़िता बस्ती के जिला अस्पताल में भर्ती थी। वहां से मंगलवार को उसे छुट्टी मिली। बुधवार को पीड़िता का नाथनगर सीएचसी में मेडिकल कराया गया। डॉक्टर ने रिपोर्ट में पीड़िता के पेट और सिर में दर्द होने की बात लिखी है। शेष चोट को सामान्य बताया है। पीड़िता के बयान के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
छेड़खानी पीड़ित छात्रा को लेकर उसके भाई-बहन पहुंचे थे। उनकी समस्या सुनी गई। पीड़िता का मेडिकल कराए जाने के लिए सीएमओ से फोन पर वार्ता की। इसके साथ ही एसपी को मामले की जानकारी दी। बाद में छेड़खानी पीड़ित छात्रा बेहोश हो गई। महिला थाने की प्रभारी को बुलाकर अपनी गाड़ी से पीड़िता को जिला अस्पताल भेजा गया। इस मामले में पीड़िता की पूरी मदद की जाएगी।
-संदीप कुमार, डीएम