- शनिवार को एसडीएम, सीओ ने मौके पर पहुंच कर किया भौतिक सत्यापन
संवाद न्यूज एजेंसी
धर्मसिंहवा। बरावफात पर जुलूस निकालने के लिए एक ही समुदाय के दो पक्षों में खींचतान लगी हुई है, हालांकि अब तक दोनों पक्षों में से किसी को अनुमति नहीं मिल पाई है। शनिवार को एसडीएम मेंहदावल और क्षेत्राधिकारी कस्बे में पहुंच कर हकीकत जाने का प्रयास किए।
धर्मसिंहवा में स्थित दारुल उलूम अहमदिया मेराजुल उलूम के पूर्व प्रधानाचार्य अली अहमद और वर्तमान प्रबंधक अकबाल अहमद बरावफात पर जुलूस निकालने के लिए तहसील कार्यालय मेंहदावल में प्रार्थना पत्र देकर के अनुमति की मांग की थी। एसडीएम कार्यालय से एसओ धर्मसिंहवा से आख्या मांगी गई थी। पिछले दिनों हुए पीस कमेटी की बैठक में भी दोनों पक्ष आमने-सामने हो गए थे। एक पक्ष के अली अहमद का कहना था कि वर्ष 1972 से ही उनके आवास के सामने से जुलूस प्रारंभ होकर उनके आवास पर आकर खत्म हो जाता था और यही परंपरा पूर्व में रही है, जबकि दूसरे पक्ष के अकबाल अहमद का कहना था कि मदरसे से जुलूस का संबंध है। वर्तमान में वह प्रबंधक हैं, इस वजह से अनुमति उन्हें मिलनी चाहिए। उनका कहना था कि पिछले वर्ष उन्हें ही अनुमति मिली थी।
शनिवार को एसडीएम उत्कर्ष श्रीवास्तव और सीओ केशवनाथ में ने कस्बे में पहुंच कर हकीकत जानने का प्रयास किया, हालांकि प्रशासन अनुमति को लेकर अभी निर्णय नहीं ले पाई है। जुलूस को लेकर के दोनों पक्षों में खींचतनी चल रही है।