संतकबीरनगर। डीएम महेंद्र सिंह तंवर की अध्यक्षता में सोमवार को कृषि, पशुपालन, उद्यान, सहकारिता सहित अन्य विभागों की ओर से संचालित विकासपरक व लाभार्थी परक योजनाओं की समीक्षा बैठक कलक्ट्रेट सभागार में हुई। इस दौरान बताया गया कि पीएम कुसुम योजना अंतर्गत 248 स्वीकृत आवेदन के सापेक्ष अब तक कुल 229 सोलर पंप जनपद में स्थापित हुए हैं। 19 सोलर पंप स्थापित किए जाने से शेष रह गए हैं।
डीएम ने निर्देश दिया गया की उप कृषि निदेशक संयुक्त टीम बनाकर बाजार में इन सोलर पंप की वास्तविक कीमत का आकलन कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें, साथ ही कुल 50 किसानों का फीडबैक सीडीओ के सहयोग से किसानों का चयन करते हुए प्राप्त करें। समीक्षा के दौरान बताया गया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अन्तर्गत अभी भी कुल 28907 किसानों की ई-केवाईसी लंबित है। जनपद की यह प्रगति अत्यधिक खराब है। जिसे उप कृषि निदेशक लंबित गांव की किसानों की सूची प्रिंट कराकर विकास, राजस्व एवं अन्य विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारियों के सहयोग से एक माह में शत प्रतिशत पूर्ण कराना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उप कृषि निदेशक ने बताया कि जनपद में पर्याप्त मात्रा में यूरिया, फास्फेटिक उर्वरक एवं कीटनाशक उपलब्ध है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना अंतर्गत कल 4786 किसानों को 178.33 लाख रुपए क्षतिपूर्ति का भुगतान किया जा चुका है। फसल बीमा में शामिल होने की तिथि 10 अक्तूबर तक शासन ने बढ़ा दी है। डीएम ने पशु पालन विभाग की समीक्षा के कहा कि यदि शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में कोई भी पशु सड़क पर घूमता हुआ पाया जाता है तो पशुपालक के खिलाफ 1000 रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। यदि वही पशु तीन बार पकड़ा गया तो उसे दशा में पशु को जब्त करते हुए स्थाई रूप से गौशाला में भेज दिया जाएगा। इस दौरान सीडीओ जयकेश त्रिपाठी, उप कृषि निदेशक डॉ. राकेश सिंह, जिला कृषि अधिकारी डाॅ. सर्वेश कुमार यादव आदि उपस्थित रहे।