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Sant Kabir Nagar News: रामजानकी मार्ग के चौड़ीकरण में पेड़ का फंसा पेंच

Tue, 16 May 2023 11:41 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
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संतकबीरनगर। रामजानकी मार्ग के निर्माण में पेड़ का पेंच फंस गया है। वन विभाग और किसान सड़क किनारे पेड़ का अपना- अपना होने का दावा कर रहे हैं। दूसरी तरफ 11 गांवों के किसानों को जमीन का मुआवजा दिए जाने की तैयारी चल रही है, जबकि 35 गांवों के किसानों को अभी इंतजार करना होगा।
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रामजानकी मार्ग पर जिले की सीमा रामपुर बारहकोनी से लेकर गोरखपुर के सिकरीगंज सीमा तक 35 किलोमीटर दूरी तक चौड़ीकरण कार्य होना है। सड़क चौड़ीकरण कार्य में 46 गांवों के किसानों की जमीन अधिग्रहित की जानी है। इस बीच 1607 पेड़ हैं। सड़क किनारे पेड़ को वन विभाग अपना होना बता रहा है, जबकि किसान अपना बता रहे हैं। किसान जमीन के साथ ही पेड़ का भी मुआवजा दिए जाने की मांग कर रहे हैं। इसकी वजह से निर्माण कार्य की गति बढ़ नहीं पा रही है। इस समस्या को लेकर डीएम संदीप कुमार, एडीएम अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने एनएच के अधिकारियों, जिला भूमि आध्याप्ति अधिकारी और एसडीएम धनघटा के साथ बैठक की। डीएम ने पेड़ के विवाद का निपटारा कराने के लिए एसडीएम की अगुआई में वन विभाग, एसएलओ और एनएच के अधिकारियों की टीम बनाई है। जो सर्वे करके रिपोर्ट तैयार करेगी।
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11 गांवों के किसानों में जल्द बंटेगा मुआवजा
रामजानकी मार्ग के चौड़ीकरण में धनघटा तहसील के 46 गांवों के किसानों की जमीन अधिग्रहीत की जानी है। इसमें अमौली, रोसया, कड़जी उर्फ रुस्तमपुर, मिठना- सिठना, लोहरैया, गौवापार, दुघराजोत, शुक्लपट्टी बड़गों के किसानों को जल्द मुआवजा दिया जाएगा। इसके लिए 5.10 करोड़ का बजट मिला है, जबकि 35 गांवों के किसानों को अभी इंतजार करना होगा। पेड़ के स्वामित्व को लेकर कोई विवाद की स्थिति न बने,इसकी जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है।
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- संदीप कुमार, डीएम

इंसेट
रामजानकी मार्ग का निर्माण कार्य तेजी के साथ चल रहा है। पांच किलोमीटर दूरी तक सड़क तैयार भी हो चुकी है। किसानों को मुआवजा दिए जाने के लिए एसएलओ एसडीएम हरैया बस्ती को निर्देश दिया गया है। 11 गांवों के किसानों को मुआवजा एक सप्ताह के भीतर बंटना शुरू हो जाएगा। जहां तक रहा सवाल धूल उड़ने का तो कार्यदायी संस्था एनएच को निर्देश दिया गया है कि पानी का ठीक से छिड़काव कराएं। इसके साथ ही टांडा के एनटीपीसी से राख लेकर जो गाड़ियां आ रही हैं, वे राख ढक कर लाएं, ताकि लोगों को कोई परेशानी न हो। इसके लिए एसडीएम धनघटा को निर्देश दिया गया है।
- अभिनव रंजन श्रीवास्तव

इंसेट
राम जानकी मार्ग के चौड़ीकरण का कार्य बहुत जरूरी था। इस मार्ग से होकर गोरखपुर से अयोध्या तक का सफर आसान हो जाएगा, लेकिन सड़क के किनारे लगाए गए पेड़ किसानों के हैं। किसानों ने पेड़ लगाने से लेकर उसकी देखरेख करने का काम भी किया है। अधिग्रहीत जमीन के साथ पेड़ का मुआवजा भी किसानों को मिलना चाहिए।
-राजन राय किसान
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राम जानकी मार्ग के किनारे मौजूद पेड़ों पर किसानों का पूर्ण रूप से अधिकार है। वन विभाग के लोग पेड़ों की देखभाल कभी नहीं करने पहुंचे। किसानों को जमीन के साथ ही पेड़ों का मुआवजा जल्द से जल्द मिलना चाहिए। मुआवजा देने में हो रहे विलंब का असर सड़क के निर्माण कार्य पर पड़ सकता है।
-त्रिशूलधारी राय किसान
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राम जानकी मार्ग के चौड़ीकरण से जहां लोगों का सफर आसान होगा। वहीं व्यापारियों को भी सुविधा मिलेगी, लेकिन सड़क के किनारे स्थित पेड़ों पर किसानों का हक है। इस कारण जमीन के साथ पेड़ों का भी मुआवजा किसानों को दिया जाना चाहिए। जमीन जब किसान का है। पेड़ लगाने और उसका देखभाल करने का काम किसान किए है। तो वन विभाग किस अधिकार से अपना दावा किसानों की प्रॉपर्टी पर जता रहा है।
-शिवप्रसाद मद्धेशिया

राम जानकी मार्ग के किनारे सिकरीगंज से लेकर रामपुर बारहकोनी तक स्थित पेड़ों को लगाने और उसकी देखभाल किसानों ने की, लेकिन शासन और प्रशासन के लिए मनमाने ढंग से किसानों की प्रापर्टी पर सरकार अधिकार जता रही है। सड़क का चौड़ीकरण किए जाने का कार्य बेहद जरूरी है, लेकिन अधिग्रहीत किए जाने वाली जमीन और पेड़ों का मुआवजा किसानों को दिया जाना चाहिए।
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-रविंद्र राय
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