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पीएम आवास योजना: जांच पूरी, आदेश देकर रिकवरी करना भूले जिम्मेदार

Wed, 19 Jul 2023 12:15 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
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पीएम और लोहिया आवास योजना में पात्रों को लाभ देने का मामला
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-एक मामले में तो रिकवरी का आदेश हुए चार साल बीत गये

संवाद न्यूज एजेंसी
मेंहदावल। गरीबों को पक्का छत मुहैया कराने वाली महत्वाकांक्षी आवास योजना लापरवाह अधिकारियों की भेंट चढ़ गई है। आवास योजना पात्रों की जगह अपात्रों को देना जिम्मेदारों की कार्यशैली पर सवाल खड़ा कर रहा है। आवास प्लस की सूची में नाम नहीं होने से जहां तमाम पात्र योजना का लाभ पाने से वंचित हो रहे हैं। वहीं अपात्रों को आवास बांट दिए जा रहे हैं। शिकायत पर जांच भी हो रही है और मामला उजागर भी हो रहा है। अपात्रों से रिकवरी का निर्देश भी जारी हो रहा है। बावजूद इसके रिकवरी नहीं हो पा रही है। ऐसे क्षेत्र में कई मामले हैं। एक मामले में तो रिकवरी का आदेश हुए चार साल से अधिक समय बीत गया है। बावजूद अब तक रिकवरी नहीं हो पाई।

केस- एक
मेंहदावल ब्लाॅक के ग्राम पंचायत समोगर में अपात्रों को आवास दिए जाने की शिकायत जिलाधिकारी के यहां हुई थी। डीएम के निर्देश पर जांच हुई। पांच लाभार्थी अपात्र पाए गए। इन्हें आवास निर्माण की प्रथम किश्त भी भेजी जा चुकी थी। एडीओ पंचायत तथा जेई लघु सिंचाई की जांच में वर्ष 2021-22 में मामला उजागर हुआ। अपात्रों से आवास की प्रथम किश्त रिकवरी करने का आदेश भी हुआ। नोटिस भी जारी की गई। लेकिन आज तक धन की रिकवरी नहीं हो पाई।
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केस-दो
डॉ राम मनोहर लोहिया समग्र ग्राम योजना के तहत वर्ष 2014-15 में मेंहदावल विकासखंड के ग्राम पंचायत भैंसामाफी का चयन हुआ था। वहां के 167 लोगों को लोहिया आवास आवंटित किए गए। अपात्रों को लोहिया आवास आवंटित करने की शिकायत डीएम से की गई। डीएम के निर्देश पर तत्कालीन सीडीओ रामनरेश ने जांच की। जांच में गांव के छह लोग लोहिया आवास के अपात्र पाए गए। जिस पर डीएम ने अपात्रों से धन की रिकवरी का आदेश सीडीओ को दिया। सीडीओ ने धन की रिकवरी का आदेश परियोजना निदेशक डीआरडीए को दी। 13 अप्रैल 2017 को डीआरडीए के परियोजना निदेशक ने तत्कालीन खंड विकास अधिकारी मेंहदावल चंद्रशेखर प्रसाद को पत्र जारी कर वसूली करने का निर्देश दिया था। यह निर्देश ब्लॉक स्तर पर अभी धूल फांक रहा है। जबकि अपात्र आवास का पैसा डकार कर बैठे हैं।

केस - तीन
सांथा विकासखंड के ग्राम पंचायत प्रतापपुर में वर्ष 2020-21 में ग्रामीणों की शिकायत पर जांच हुई। इसमें प्रधानमंत्री आवास योजना में 11 लोग अपात्र पाए गए। विकास कार्यों में भी अनियमितता मिली थी। खंड विकास अधिकारी ने अपात्रों से रिकवरी के निर्देश दिए थे। बावजूद इसके आज तक न तो अपात्रों से रिकवरी हुई और न ही जिम्मेदारों पर कोई कार्रवाई हुई। इसी ब्लाॅक के ग्राम पंचायत आगियौना में भी ऐसा ही मामला उजागर हुआ था लेकिन यहां भी अपात्रों से धन रिकवरी का निर्देश ठंडे बस्ते में पड़ा है।


केस चार
नगर पंचायत मेंहदावल में करीब 50 प्रधानमंत्री आवास के लाभार्थी आवास की प्रथम किश्त खाते से आहरण करने के बाद भी निर्माण कार्य नहीं कराए। तत्कालीन एडीएम मनोज कुमार सिंह ने नगर पंचायत कार्यालय पर धन आहरण के बाद भवन निर्माण न कराने वाले लोगों की सूची चस्पा कराने के साथ निर्माण न शुरू कराने वाले लोगों से डूडा को धन रिकवरी का आदेश दिया था। लेकिन अब तक धन आहरण करने वालों से रिवकरी नहीं हो पाई। यह मामला भी ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।
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पत्रावलियों को मगाएंगे और इसमें अब तक क्या कार्रवाई हुई है इसकी जानकारी ली जाएगी। पीडी से पूरे प्रकरण की जानकारी जुटाएंगे। उसके बाद जरूरी कदम उठाया जाएगा। अपात्रों से धन रिकवरी कराए जाने की कार्रवाई की जाएगी।
संत कुमार ,सीडीओ
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