- क्षतिपूर्ति व मुकदमा खर्च के रूप में 30 हजार अतिरिक्त भी देना होगा
- जिला उपभोक्ता आयोग ने बीमा कंपनी के खिलाफ सुनाया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जिला उपभोक्ता आयोग ने बीमा कंपनी केयर हेल्थ के खिलाफ फैसला सुनाते हुए बेटी के दवा व इलाज में खर्च एक लाख 31 हजार 760 रुपये दस प्रतिशत ब्याज के साथ 60 दिनों के भीतर भुगतान करने का आदेश दिया है। साथ ही क्षतिपूर्ति व मुकदमा खर्च के रूप में 30 हजार रुपये अतिरिक्त भुगतान करना होगा।
अधिवक्ता अंजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि कोतवाली खलीलाबाद क्षेत्र के मैनसिर गांव निवासी अभिजीत पाल ने 30 मई 2021 को हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी से अपना व पत्नी पूनम पाल व पुत्री अंजली पाल के नाम से 10-10 लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा कराया था। जिसे वर्ष 2022 और 2023 में नवीनीकरण भी कराया। उनकी पुत्री लखनऊ में रहकर शिक्षा ग्रहण करती है। अप्रैल 2023 में उनकी पुत्री की तबियत खराब हो गई और 15 दिन से अधिक समय तक दवा-इलाज चलता रहा।
बीमा कंपनी को दवा व इलाज से संबंधित कागजात देने और काफी भागदौड़ करने के बाद भी कंपनी ने बीमा दावे की धनराशि का भुगतान नहीं किया गया। थक-हार कर कोर्ट की शरण लिया। कोर्ट ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने और अधिवक्ता के बहस को सुनने के बाद बीमा कंपनी के खिलाफ फैसला सुनाते हुए दावे की धनराशि एक लाख 31 हजार 760 रुपये का भुगतान दस प्रतिशत ब्याज के साथ 30 हजार अतिरिक्त 60 दिनों के भीतर भुगतान करने का आदेश दिया है।