मेहदावल। वयम एसोसिएशन मेहदावल द्वारा संचालित साहित्य संगम के तत्वाधान में काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। कवि देवानंद बच्चन देव ने महाकुम्भ की भोर लगी डुबकी, खिचड़ी कछु भात पकावत हो को प्रस्तुत किया। कवि राधेश्याम यादव ने आवनि आवनि कहि गयो, बीते बारह मास। अब लागी तुम आये नहीं, ये दिल हुआ उदास सुनाया। इस अवसर पर लोकतंत्र रक्षक सेनानी गिरिराज सिंह समेत अन्य मौजूद रहे।