सीसीटीवी कैमरे की निगहबानी में होगी प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की बैठक
- मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों की लगाई गई ड्यूटी
- छावनी में तब्दील हो गया है ब्लॉक परिसर
धनघटा। क्षेत्र पंचायत हैंसर बाजार की प्रमुख जइंत्ररा देवी के विरुद्ध लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर शुक्रवार को सदस्यों की बैठक ब्लॉक सभागार में होगी। बहुचर्चित और बहुप्रतीक्षित बैठक को शांतिपूर्वक संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने ब्लॉक परिसर को छावनी के रूप तब्दील कर दिया है। पूरे परिसर में 10 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। जिनमें सभी गतिविधियां कैद होंगी। इसके अलावा डीएम ने मजिस्ट्रेटों की ड्यूटी लगाई है।
आठ सितंबर को होने वाली बैठक स्थगित होने के बाद सत्ताधारी दल के दो पक्षों के बीच चली खींचातानी के बाद हाईकोर्ट के आदेश पर 30 सितंबर को बैठक बुलाई गई है। बैठक को लेकर भारतीय जनता पार्टी के लोग दो खेमों में बटे हुए हैं। भाजपा के तमाम नेता जहां प्रमुख जइंत्ररा देवी के पक्ष में खड़े हैं तो वहीं भाजपा विधायक गणेश चंद चौहान की पत्नी क्षेत्र पंचायत सदस्य कालिंदी चौहान सदस्यों के समर्थन में डटी हुई हैं। बृहस्पतिवार को हुई बैठक में पहुंचने की तैयारी दोनों पक्ष के लोग अपने -अपने तरीके से करते दिखे। विधायक गणेश चंद धनघटाख् हैंसर, उमरिया बाजार आदि जगहों पर पहुंचकर अविश्वास प्रस्ताव को पास कराने के लिए अपने समर्थकों के साथ रणनीति बनाते रहे तो वहीं दूसरी तरफ प्रमुख जइंत्ररा देवी के प्रतिनिधि अपने बेटे प्रिंस अगम सिंह को ताकत देने के लिए पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह उर्फ पहलवान सिंह भी धनघटा, हैंसर में अपने समर्थकों के साथ रणनीति बनाने में लगे रहे। प्रशासन भी अपनी तैयारी पूरी करने में लगा रहा। ब्लॉक परिसर में पीएसी और पुलिस के जवान डटे रहे तो खंड विकास अधिकारी महावीर प्रसाद सिंह अंदर की व्यवस्था कराने में लगे रहे। बीडीओ ने बताया कि बैठक स्थल से लेकर ब्लॉक गेट तक 10 सीसी टीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके अलावा अन्य तरह की भी व्यवस्था की जा रही है।
वहीं दूसरी तरफ जनता में चर्चित अविश्वास प्रस्ताव को लेकर तरह-तरह की चर्चा भी होती रही। चाय और पान की दुकानों पर अविश्वास के पास और फेल होने को लेकर लोग चर्चा करते रहे। पुलिस क्षेत्राधिकारी रामप्रकाश ने कहा कि शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त मात्रा में पुलिस बल तैनात कर दिए गए हैं। ब्लॉक गेट से लेकर ब्लॉक के पूरब और पश्चिम दोनों तरफ पुलिस क्षेत्राधिकारी और मजिस्ट्रेट के साथ पुलिस के जवान तैनात रहेंगे। असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। कानून को हाथ में लेने की कोशिश करने वालों के विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वाले जाएंगे जेल : डीएम
डीएम प्रेम रंजन सिंह ने बताया कि कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने की जिम्मेदारी प्रशासन की है। कानून के साथ खिलवाड़ करने वाले जेल भेजे जाएंगे। शांतिपूर्ण माहौल में बैठक संपंन हो, इसके लिए मजिस्ट्रेटों की ड्यूटी लगाई गई है। वहीं दूसरी तरफ एसपी सोनम कुमार ने बताया कि सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की गई है। चार सीओ, सात इंस्पेक्टर, 35 सब इंस्पेक्टर, 124 हेडकांस्टेबल व कांस्टेबल, 24 महिला कांस्टेबल, फायर टेंडर और एक कंपनी पीएसी लगवाई गई है। 13 क्यूआरटी अलग से है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एएसपी सतत भ्रमणशील रहेंगे। यदि कोई कानून व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने की कोशिश की गई तो उसके साथ पुलिस सख्ती से पेश आएगी।