धनघटा। एडीजी जोन गोरखपुर के निर्देश पर महुली पुलिस ने तरयापार निवासी विवाहिता के पति, सास, ससुर, ननद व देवर के खिलाफ बृहस्पतिवार को दहेज उत्पीड़न का केस दर्ज किया। पुलिस मामले की जांच शुरू कर दी। तरयापार गांव निवासी जरीना खातून पत्नी एखलाक अहमद का आरोप है कि वर्तमान समय में वह गोरखपुर जनपद के हरपुर बुदहट क्षेत्र के कडसहरा गांव निवासी अपने पिता इजहार के यहां रह रही हैं।
उसका निकाह 28 मार्च 2019 को महुली क्षेत्र के तरयापार गांव निवासी एखलाक अहमद पुत्र ताज मोहम्मद के साथ हुआ था। निकाह के समय विपक्षी एखलाक ने बतौर मेहर के रूप में 10786 रुपये उसे दिया था तथा शादी में उसके मायके वालों ने बाइक, 50,000 रुपये नकदी, सोने की चेन तथा एक सोने की अंगूठी व अन्य सामान अखलाक अहमद को दिया था। फिर भी एखलाक अहमद तथा उसके परिवार वाले संतुष्ट नहीं थे। उसके ससुराली कम दहेज लाने की बात कहते हुए तरह-तरह के ताने और गाली गलौज देने के साथ मारते पीटते तथा प्रताड़ित करते थे। दोनों के वैवाहिक संबंधों से एक लड़का अर्सलान उम्र तीन वर्ष है। उसके पति एखलाक अहमद लुधियाना में सिलाई का काम करते है। छुट्टी लेकर घर भी आते- जाते है। उसके पति एखलाक अहमद ने 18 मई 2023 को मोबाइल फोन पर उसे तीन बार तलाक बोलकर उससे वैवाहिक रिश्ता समाप्त कर लिया था।
पति के कहने पर उसके ससुर ताज मोहम्मद, सास सैमुन्न निशा, देवर अमान व ननद मुसर्रत जहां ने उसे अपशब्द कहते हुए, लात मुक्का से बुरी तरह से मारे पीटे। पीड़िता के जरिए फोन से सूचना देने पर उसके पिता इजहार उसके ससुराल में आए। ससुराल वाले जबरदस्ती एक सादे पेपर पर उसके पिता का हस्ताक्षर करा कर अपने घर से भगा दिया और धमकी दिए कि यदि दोबारा आए तो जान से मार देंगे। पीड़िता अपने पिता को साथ लेकर इस मामले की रिपोर्ट लिखाने महुली थाने गई तो वहां की पुलिस केस दर्ज नहीं की। जिसकी वजह से एडीजी जोन गोरखपुर से शिकायत की। एसओ भगवान सिंह ने बताया कि जरीना खातून की तहरीर पर तरयापार गांव निवासी पति एखलाक, ससुर ताज मोहम्मद, सास सैमुन्न निशा, देवर अमान व ननद मुसर्रत जहां के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का मुकदमा दर्ज किया गया।