शहर में मात्र चार हाइड्रेंट प्वाइंट, ढूंढना मुश्किल
संकरी गलियों में नहीं पहुंच सकती दमकल की गाड़ियां
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। नगर पालिका परिषद खलीलाबाद क्षेत्र की आबादी करीब एक लाख है। शहर की गलियां काफी संकरी हैं। इनमें मकान और दुकान हैं। जहां दमकल की गाड़ी नहीं पहुंच सकती है। हाइड्रेंट का भी पता नहीं है। ऐसे में आग लगी तो पानी ढूंढने के साथ बुझाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ेगी। पूर्व में गोला बाजार में आग के दौरान ऐसी समस्या उत्पन्न हो चुकी है। इसके बाद भी इस दिशा में कदम नहीं उठाया गया है।
गर्मी का मौसम शुरू हो गया है। शहर में आग लगने की घटनाओं पर तत्काल काबू पाने के लिए जलापूर्ति की पाइप लाइन से जुड़े हाईड्रेंट प्वाइंट बेकार साबित हो रहे हैं। आपात काल में इन हाईड्रेंट प्वाइंट से पानी मिलना मुश्किल है। कारण यह है कि हाईड्रेंट प्वाइंट के पास न तो बोर्ड है और न ही पहचान के लिए कोई इंतजाम। ऐसे में इन्हें ढूंढ पाना काफी मुश्किल है।
करीब तीन किलोमीटर के एरिया में बसे खलीलाबाद शहर में केवल चार जगह हाईड्रेंट प्वाइंट हैं। इसमें विधियानी मोड़ पर पुलिया के पास, मेंहदावल चौक के मधुकुंज के पास, मुखलिसपुर तिराहे के पास तथा मोती चौराहा के पास शामिल हैं। इन हाईड्रेंट प्वाइंट की स्थिति यह है कि यह बेेकार पड़े हुए हैं। आग लगने पर फायर बिग्रेड को पानी की जरूरत रहती है, लेकिन इन हाईड्रेंटों को ढूंढना ही मुश्किल है।
मुखलिसपुर तिराहे के पास बना हाईड्रेंट प्वाइंट सड़क के किनारे है, लेकिन पत्थर से इन कदर जाम कर दिया गया कि वहां से पानी मिल पाना मुश्किल है। ऐसी ही स्थिति अन्य हाईड्रेंट प्वाइंट की है। शहर के बरदहिया बाजार में प्रत्येक सप्ताह कपड़े का बड़ा बाजार लगता है, लेकिन इस क्षेत्र में हाईड्रेंट प्वाइंट नहीं है। ऐसे में यदि आग लगी तो पानी के इंतजाम के लिए इधर-उधर भटकने की मजबूरी है।
दो साल पहले गोला बाजार में जूता-चप्पल की दुकान में आग लग गई थी, लेकिन गली संकरी होने के कारण फायर बिग्रेड की गाड़ी गली में नहीं जा सकी थी। इससे पूरी दुकान जलकर राख हो गई थी। इस संबंध में नगर पालिका परिषद खलीलाबाद के अधिशासी अधिकारी विनय कुमार मिश्र ने बताया कि शहर के हाईड्रेंट प्वाइंट की जल्द ही चेकिंग कराकर ठीक करा दिए जाएंगे।