2018 में 34 डिग्री तक पहुंचा था तापमान, इस साल सबसे अधिक गर्म है मौसम
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। इस साल पहली बार ऐसा हो रहा है कि सितंबर माह में जून जैसी गर्मी सता रही है। तेज धूप के साथ ही उमस से लोग परेशान है। पिछले आठ सालों में इस तरह की गमी नहीं पड़ी है। तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 15 अक्तूबर तक राहत के आसार नजर नहीं आ रहे हैं। वहीं विशेषज्ञ कम बारिश होना भी वजह बता रहे हैं।
शुक्रवार को दिन में उमस भरी गर्मी से लोग खासे परेशान दिखे। दिन में कुछ देर तक बादल मंडराए लेकिन फिर तीखी धूप निकल गई। धूप-छांव के बीच अधिकतम तापमान 36 और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रिकाॅर्ड किया गया। वहीं लोग तेज उमस भरी गर्मी से परेशान रहे।
नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्व विद्यालय के मौसम विज्ञानी डाॅ. अमरनाथ मिश्र ने बताया कि इससे पहले वर्ष 2019 में 34 डिग्री तापमान रहा है। इसका कारण बारिश का औसत से कम होना है। बताया कि करीब 10 साल बाद सितंबर माह इतना गर्म रहा है। तापमान का असर कृषि के अलावा लोगों पर भी पड़ रहा है। उमस भरी गर्मी में लोग अधिक बीमार पड़ रहे हैं।
औसतन कम बारिश से सितंबर में तापमान बढ़ा
एचआरपीजी कॉलेज के भूगोल विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. नेहा सिंह ने बताया कि अक्तूबर माह में मानसून लौट रहा है। बारिश भी औसतन कम हुई है। इसलिए सितंबर माह में गर्मी जैसा अहसास हो रहा है। मानसून वापस लौटने के साथ तापमान बढ़ा है। मौसम ड्राई है। यह अभी 15 दिन और रहने की संभावना है।
त्वचा संबंधित बीमारी के शिकार हो रहे बच्चे
जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. एपी मिश्र ने बताया कि ऐसे मौसम में ज्यादातर लोग त्वचा से संबंधित बीमारी के शिकार होते हैं। साथ ही उल्टी, दस्त, बुखार आदि से पीड़ित होकर आते हैं। ऐसे में लोगों को शरीर ढक कर रखना चाहिए। बासी भोजन के सेवन से बचना चाहिए। पानी खूब पीना चाहिए। अगर बाहर निकल रहे हैं तो सिर पर गमछा आदि बांध लिया करें।
पिछले सात साल का 20 सितंबर का तापमान
वर्ष अधिकतम न्यूनतम
2018 34 26
2019 34 24
2020 32 26
2021 31 26
2022 32 25
2023 33 27
2024 36 28