धनघटा। महुली क्षेत्र के रतनपुर गांव की 42 महिलाओं काे प्राइवेट बैंक से ऋण दिलाकर कारोबार करने का सपना दिखाया। महिलाओं का 25,000-25,000 रुपये का ऋण भी दिलाया। आरोप है ऋण लेने वाली महिलाओं से बैंक में किस्त जमा करने के नाम पर रकम तो ले ली, लेकिन बैंक में जमा नहीं किया। बैंक ने नोटिस जारी किया तो कर्जदार महिलाओं के कान खडे़ हो गए। पीड़ित महिलाओं ने थाने पर प्रदर्शन किया और जालसाज महिला के खिलाफ केस दर्ज करने की मांग की।
क्षेत्र के रतनपुर गांव की रहने वाली निवासी रंभा, गीता, आशा, सुमित्रा देवी, सीता, रीता आदि ने बताया कि महुली कस्बे में प्राइवेट सोनाटा बैंक की शाखा संचालित है। आरोप है कि नीबा होरिल की रहने वाली एक जालसाज महिला ने उन्हें बैंक से ऋण दिलाने का सपना दिखाया। जालसाज महिला ने बकरी पालन, मोमबत्ती,अगरबत्ती आदि कार्य के लिए कुल 42 महिलाओं को झांसे में लेकर प्राइवेट बैंक से दो किस्त में 25,000- 25,000 रुपये का ऋण दिलाया। ऋण लेने वाली महिलाओं का आरोप है कि किस्तवार सारा पैसा आठ वर्ष में पूरा करके उक्त जालसाज महिला के पास जमा कर दिया। आरोप है कि जालसाज महिला ने दिए गए किस्त की रकम को प्राइवेट बैंक में जमा नही किया। जिसकी वजह से बैंक की सभी 42 महिलाएं कर्जदार बन गई है। बैंक के जरिये जब नोटिस भेजी गई, तब जाकर मामले की जानकारी हुई। पीड़ित महिलाओं ने बताया कि जब उक्त महिला से किस्त जमा करने को दी गई रकम को वापस मांगा गया तो आनाकानी करने लगी। एकजुट होकर रविवार को महिलाएं थाने पहुंची और प्रदर्शन कर विरोध जाहिर की। महिलाओं ने जालसाज महिला पर केस दर्ज करके कार्रवाई करने की मांग की। प्रभारी एसओ अमित कुशवाहा ने बताया कि पीड़ित महिलाओं ने शिकायती पत्र दिया है। जांच की जा रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। संवाद
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बैंक से 7, 65,550 रुपये जमा करने का मिला नोटिस
महुली शाखा के सोनाटा बैंक की शाखा की ओर से लाभार्थी महिलाओं को नोटिस जारी किया है। इसमें संगम पत्नी रमेश को 20,400 रुपये, शांति पत्नी धर्मवीर को 26,100 रुपये, चंदा देवी पत्नी रंजीत को 19,200 रुपये, सुमित्रा पत्नी स्वर्गीय छांगुर को 19,200 रुपये, प्रेम पत्नी राजाराम को 19,200 रुपये, रंभा देवी पत्नी विजय को 21,300 रुपये, विद्यावती पत्नी हरिश्चंद्र को 19,800 रुपये, संतोषी पत्नी संतलाल को 27,900 रुपये, निरूपा पत्नी रविंद्र को 19200 रुपये, आशा पत्नी स्वर्गीय सीताराम को 19,200 रुपये, शशि पत्नी श्रवण को 27,600 रुपये, दुर्गावती पत्नी राम भवन को 19,200 रुपये, सुशीला पत्नी राधेश्याम को 21,400 रुपये, गीता पत्नी रमेश चंद को 19,200 रुपये, उषा पत्नी स्वर्गीय मन्नू को 27,900 रुपये, रीता पत्नी महेश को 21,300 रुपये, सीता पत्नी मधुसूदन को 27,600 रुपये, सपना पत्नी अखिलेश को 21,300 रुपये, अमिता पत्नी स्वर्गीय रामदास को 27,900 रुपये, सीमा पत्नी स्वर्गीय चंद्रिका को 21,300 रुपये, कलावती पत्नी परमात्मा को 24,750 रुपये, चंदा देवी पत्नी अनूप चंद को 29,100 रुपये, तारा पत्नी मिथलेश को 19,200 रुपये, उर्मिला पत्नी गब्बू लाल को 20,700 रुपये, सुमित्रा पत्नी राधेश्याम को 19,200 रुपये, सरिता पत्नी राम सुरेश को 27,900 रुपये, सुशीला पत्नी परशुराम को 21,300 रुपये, ज्ञानमती पत्नी भगवानदास को 19,200 रुपये, राधिका पत्नी सुरेंद्र को 21,200 रुपये, भानमति पत्नी गजेंद्र को 20,700 रुपये, सुभद्रा पत्नी स्वर्गीय राम मोहित को 27,700 रुपये, मणि कला पत्नी लालचंद को 27,900 रुपये, इंद्रावती पत्नी महात्म को 19,200 रुपये, सरोज पत्नी करीमन को 21,300 रुपये, शकुंतला पत्नी हनुमान को 20,100 रुपये जमा करने को कहा गया है। जबकि पीड़ित महिलाओं का आरोप है कि नीबा होरिल की जालसाज महिला ने जमा करने के लिए दी गई रकम को हड़प लिया है।
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नीबा होरिल की महिला बैंक की कर्मचारी नहीं है। बैंक ने जिन लाभार्थी महिलाओं को ऋण दिया है, उन्हीं से वापस मांग रहा है। ऋण लेने वाली महिलाओं से ही रकम जमा कराया जाएगा। बैंके पास रिकॉर्ड है कि ऋण लेने वाली महिलाओं ने कितनी- कितनी रकम जमा की है। - रमेश कुमार, शाखा प्रबंधक सोनाटा बैंक, शाखा महुली
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पीड़ित महिलाओं ने शिकायती पत्र दिया है। प्रकरण की जांच की जा रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। -अमित कुशवाहा, प्रभारी एसओ