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जिले का विकास शीर्ष प्राथमिकता में शामिल : डीएम

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कलेक्ट्रेट में पत्रकारों से बातचीत करते डीएम - फोटो : KHALILABAD
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जिले का विकास शीर्ष प्राथमिकता में शामिल : डीएम
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- एसडीएम, बीडीओ और तहसीलदार ने कार्यालयों में बैठकर सुनी फरियाद
- बखिरा झील को विकसित कर बनाएंगे पर्यटन स्थल
संतकबीरनगर। डीएम प्रेम रंजन सिंह ने कहा कि जिले का विकास उनकी प्राथमिकता में शामिल है। जिले को सेटेलाइट टाउन के रूप में विकसित किए जाने का खाका तैयार हो रहा है। जनपद का मास्टर प्लान तैयार कराकर उसे मूर्त रूप दिया जाएगा। इसमें सबसे अहम बखिरा झील का विकास शामिल है। यह बातें डीएम ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहीं।
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डीएम ने कहा कि एसडीएम, बीडीओ और तहसीलदार अपने कार्यालयों में फरियादियों की समस्याएं जरूर सुनें। इसलिए अब दिन में बैठकें नही होंगी। उन्होंने कहा कि गोरखपुर से सटा जिला होने की वजह से संतकबीरनगर का विकास होना तय है। गोरखपुर की सीमा भीटी रावत व कसरवल तक गीडा का प्रवेश हो चुका है। अब उसका विस्तार संतकबीरनगर में ही होगा। इसके लिए सीएम के संज्ञान में लाएंगे। बखिरा झील बड़ी है। यहां पर्यटन विकास के कार्य की जरूरत है। यहां सबसे पहले झील तक जाने के लिए मार्ग की जरूरत है। जिससे पर्यटक आसानी से झील तक पहुंच चुके हैं। पूर्व में तैयार प्रोजेक्ट को शामिल करते हुए नए सिरे से प्रोजक्ट तैयार कराया जा रहा है। डीएम ने कहा कबीर की स्थली मगहर में इस बार मगहर महोत्सव हर हाल में होगा। इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है। जल्द ही महोत्सव समिति की बैठक बुलाई जाएगी। उन्होने कहा कि करमैनी -बेलौली तटबंध सुरक्षित है। यहां नदी का जलस्तर अभी खतरे के निशान से काफी नीचे है। बावजूद इसके सतर्कता बरतने की हिदायत जिम्मेदार विभागों को दिया गया है। तटबंधों की सुरक्षा और निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित अधिकारी/ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। आगे कहा कि नेपाल ने घाघरा नदी में पांच लाख क्यूसेक पानी छोड़ा है। जिसकी वजह से घाघरा का जलस्तर बढ़ सकता है। इसके मद्देनजर एमबीडी बांध और उसके आस-पास के गांवों में सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया है। जहां कहीं नाव की जरूरत हो, वहां व्यवस्था किए जाने की जिम्मेदारी तय कर दी गई है। अधिकारी और कर्मचारी क्षेत्र में भ्रमणशील रहेगे।आवश्यकतानुसार बाढ़ के समय विस्थापित लोगों को आश्रय स्थलों में शिफ्ट करने के साथ-साथ उनके खान-पान एवं स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं पर विशेष ध्यान रखा जाए। मेंहदवल क्षेत्र के पंडित पुरवा के पास सड़क क्षतिग्रस्त हो गई है। यहां ह्यूम पाइप डाले जाने का निर्देेश पीडब्ल्यूडी के जिम्मेदारों को दिया।
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