महुली क्षेत्र के हरपुर में शुक्रवार को संदिग्ध हालात में विवाहिता की मौत हो गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई और शव को कब्जे में ले लिया। विवाहिता के मायके वालों ने पति समेत छह ससुरालियों पर दहेज हत्या का केस दर्ज कराया है। वहीं पुलिस ने आरोपी जेठ को हिरासत में ले लिया है।
कोतवाली क्षेत्र के नौरंगिया निवासी हरिश्चन्द्र चौधरी पुत्र जितई के अनुसार, 2013 में उन्होंने बेटी निशा(24) की शादी महुली क्षेत्र के हरपुर निवासी रिटायर्ड दारोगा फागू चौधरी के छोटे बेटे प्रमोद चौधरी के साथ की थी। शुक्रवार को किसी रिश्तेदार ने निशा की मौत की सूचना उन्हें फोन पर दी। हरपुर पहुंचने पर निशा का शव चारपाई पर रखा गया था और कमरे में लगे पंखे की कुंडी से साड़ी लटक रही थी। चारपाई पर रस्सी भी रखी थी।
आरोप है कि बेटी की सास सोहरत्ता देवी, ससुर फागू चौधरी, जेठ विनोद एवं उसकी पत्नी, बडी जेठानी और पति प्रमोद ने मिलकर दहेज के लिए निशा की हत्या कर दी। मौके पर जुटी भीड़ यह चर्चा कर रही थी कि शादी के बाद से ही पति- पत्नी में अक्सर विवाद होता रहता था। निशा के पास एक तीन साल की पुत्री प्रिया है। शादी के दो साल बाद ही विवाद के कारण निशा मायके चली गई थी। पंचायत के बाद वह छह माह पूर्व ससुराल वापस आई थी।
विवाहिता की पीठ और गले के ऊपर चोट के निशान मिले हैं। सूचना पर एएसपी अशोक कुमार वर्मा, नायब तहसीलदार दीपक कुमार गुप्ता और सीओ प्रमोद कुमार भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने मौके पर मौजूद जेठ विनोद कुमार को हिरासत में ले लिया। एसओ अनिल कुमार सिंह ने बताया कि विवाहिता के रिटायर्ड दरोगा ससुर, पति समेत छह के खिलाफ दहेज हत्या का केस दर्ज कर लिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत की वजह स्पष्ट हो जाएगी। गांव वालों के अनुसार हत्यारोपी जेठ पहले भी मठ के एक साधु की हत्या में भी आरोपी बना था। यह केस अभी विचाराधीन है।