मेंहदावल क्षेत्र के एक गांव में किशोरी से छेड़छाड़ का मामला बृहस्पतिवार को सामने आया है।
सोशल मीडिया पर गैंगरेप की जानकारी पर जब एसपी ने एसओ और सीओ से मामले की जांच कराई तो मामला छेड़छाड़ का निकला।
वहीं पुलिस को पीड़ित पक्ष द्वारा भी छेड़छाड़ की ही तहरीर दी गई है।
हालांकि पीड़ित पक्ष दबी जुबान गैंगरेप होने और पुलिस द्वारा जबरन तहरीर लेने की बात कह रहा है। वहीं उचित कार्रवाई न होने से आहत पीड़िता की मां की हालत बृहस्पतिवार को बिगड़ गई। उनका उपचार एक निजी चिकित्सक के यहां चल रहा है।
थाना क्षेत्र के एक गांव में बुधवार रात करीब आठ बजे 17 वर्षीय किशोरी घर से नित्य क्रिया के लिए गई थी। इस दौरान उसके साथ घटना हुई।
रात में स्थानीय चौकी में सूचना देने पर पीड़ितों को बृहस्पतिवार सुबह बुलाया गया। सुबह समुचित कार्रवाई न होने पर पीड़िता की मां की हालत बिगड़ गई।
उधर, एसपी शैलेश कुमार पांडेय को सोशल मीडिया से गैंगरेप की जानकारी हुई तो उन्होेंने इसकी तफ्तीश के लिए सीओ और एसओ सुधीर सिंह को भेजा। दोनों अफसरों की जांच में मामला तीन युवकों द्वारा छेड़छाड़ का मिला। पुलिस को पीड़ित पक्ष ने तहरीर भी छेड़छाड़ की दी है।
हालांकि दबी जुबां पीड़ित के लोग गैंगरेप की बात कह रहे हैं।
आरोप है कि पुलिस ने जबरन छेड़छाड़ की बात तहरीर में लिखवाई।
यदि मेडिकल जांच हो जाए तो सच सामने आ जाएगा। पुलिस मेडिकल परीक्षण से बच रही है। वहीं एसपी ने बताया कि सीओ और एसओ की जांच में मामला छेड़छाड़ का पाया गया। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी कि आखिर सोशल मीडिया पर दुष्कर्म की बात कैसे लोगों तक पहुंची।