राष्ट्रीय राजमार्ग पर कुर्थिया चौराहे के पास बुधवार को हुए हादसे में चार लोग घायल हो गए। मौके पर जुटी भीड़ आक्रोशित हो गई और सड़क जाम कर दिया। एक घंटे तक लगे जाम से आवागमन बाधित रहा। उसी बीच सूचना पर सीओ और कोतवाल मौके पर पहुंच गए और लाठी भांज कर भीड़ को हटा कर जाम समाप्त कराया। लाठी भांजते दौरान फिसल कर गिर जाने से कोतवाल चोटिल भी हो गए। पुलिस ने मौके से एक प्रधान समेत चार लोगों को हिरासत में लिया। पुलिस 10 बाइकों को भी कब्जे में लिया है।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर टेमा रहमत के पास सड़क मरम्मत कार्य किए जाने की वजह से बस्ती से खलीलाबाद की तरफ जाने वाला मार्ग को बंद करके रूट डायर्वजन किया गया था। अशरफपुर गांव निवासी 28 वर्षीय रामतीरथ बुधवार को कुर्थियां के पास पैदल ही राष्ट्रीय राजमार्ग को पार कर रहे थे। उसी दौरान गिट्टी लदे एक डंफर की चपेट में आ जाने से रामतीरथ घायल हो गए। घटना के बाद घबड़ाया डंफर चालक वाहन खड़ा करके भागने लगा और बस्ती से खलीलाबाद की तरफ गुजर रहे एक बाइक से टकरा गया। इसमें बाइक सवार दो युवक और डंफर चालक घायल हो गया।
मौके पर जुटे लोगों ने एनएचआई के एबुलेंस से घायलों को बस्ती जिला अस्पताल भेजवाया। बाद में गुस्सायी भीड़ ने एक घंटे तक हाईवे को जाम कर दिया। भीड़ की मांग थी कि कोई जिम्मेदार जब तक मौके पर नहीं पहुंचेगा, तब तक डंफर को नहीं जाने देंगे। भीड़ में शामिल कुछ लोग डंफर मालिक को बुला कर घायलों को इलाज में आर्थिक मदद दिलाने की मांग कर रहे थे। जबकि कांटे चौकी की पुलिस डंफर से गिट्टी गिरवा कर वहां से हटवाना चाह रही थी। जिसको लेकर भीड़ और पुलिस कर्मियों के बीच नोंकझोक भी हुई।
उसी बीच सीओ आरके सिंह शहर कोतवाल शमशेर बहादुर सिंह फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस तत्काल लाठी भांज कर भीड़ को हटा दी। उसी दौरान फिसल कर गिर जाने से कोतवाल मामूली रूप से चोटिल हो गए। पुलिस ने मौके से अशरफपुर के प्रधान इंद्रदेव यादव समेत चार लोगों को हिरासत में लेकर कोतवाली गई। पुलिस ने 10 बाइकों को भी कब्जे में लिया। ग्राम प्रधान अशरफपुर इंद्रदेव यादव का कहना था कि किसी जिम्मेदार अधिकारी व डंफर मालिक को बुलाकर घायल व्यक्ति के इलाज में मदद किए जाने की मांग ग्रामीण कर रहे थे। तभी कांटे चौकी के सिपाही एनएचआई के अधिकारी से मिलकर जबरन डंफर से गिट्टी गिरवाने की जिद करने लगे और भीड़ उग्र होकर जाम लगा दी।