हरिहरपुर। नाथनगर क्षेत्र में पशुओं के वैक्सीनेशन का दावा हवा-हवाई साबित हो रहा है। पशु पालकों का कहना है कि पशुओं का टीकाकरण कागजों तक ही सिमट कर रह गया है। पशु बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं, लेकिन उनकी कोई सुध नहीं ली जा रही है।
महुली के डड़वा गांव निवासी रामपत ने बताया कि उनकी दो गायें लंपी बीमारी से ग्रसित हैं। विभाग के टीकाकरण का दावा केवल कागजों तक ही सिमट कर रह गया है। उन्होंने बताया कि मजबूरी में बाजार से महंगी दवाएं खरीद कर इलाज करा रहे हैं। पशु पालक ने बताया कि गायों के शरीर पर लाल रंग के बड़े-बड़े दाने निकल आए हैं। बुखार से जानवर पीड़ित हैं। चारा भी नहीं ले रहे हैं। रोजाना महंगी दवाएं और इंजेक्शन खरीद कर लगवाना पड़ रहा है। इसी तरह से अन्य पशुपालकों ने भी पशुओं का टीकाकरण न होने की बात कही। इस संबंध में नाथनगर के पशु चिकित्साधिकारी डॉक्टर अजित सिंह का कहना है कि बारिश के मौसम के दौरान पशुओं का टीकाकरण कराया गया था। जिन पशुओं का टीकाकरण नहीं हुआ है, उनका टीकाकरण प्राथमिकता के तौर पर कराया जाएगा।