संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। सेमरियावां विकास खंड में तैनात बीडीओ विजय कुमार सिंह मऊ जनपद में गबन के मामले में दोषी पाए गए हैं, लेकिन जिले में भी तैनाती के दौरान भी उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे।
बीडीओ पर सांथा ब्लॉक में भी अनैतिक रूप से वित्तीय स्वीकृति करके ब्लॉक प्रमुख के अधिकार का हनन का आरोप लगा था, जिसके बाद प्रमुख ने उनके खिलाफ भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए अपर मुख्य सचिव ग्राम्य विकास विभाग को पत्र भेजा था। शासन की तरफ से बीडीओ का स्थानांतरण सेमरियावां हो गया था। जिले में लगभग ढाई साल से विभिन्न ब्लॉकों में बीडीओ की तैनाती रही है।
शासन स्तर से बीडीओ सेमरियावां के मऊ जनपद में तैनाती के दौरान गबन के मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद शुक्रवार को विभाग में दिन भर चर्चा होती रही। विजय कुमार सिंह सेमरियावां से पूर्व खलीलाबाद और सांथा विकास खंड में तैनात रह चुके हैं। बताया जा रहा है कि सांथा में तैनाती के दौरान दिसंबर 2023 में ब्लॉक प्रमुख अरविंद कुमार जायसवाल ने बीडीओ पर अपर मुख्य सचिव ग्राम्य विकास विभाग को पत्र भेजकर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया था।
आरोप था कि बीडीओ अनैतिक रूप से वित्तीय स्वीकृति करके क्षेत्र पंचायत अध्यक्ष के अधिकार का हनन कर रहे हैं। साथ ही विपरीत व्यवहार कर रहे हैं। क्षेत्र पंचायत में मनरेगा के तहत काम नहीं किया जा रहा है, जिसकी वजह से क्षेत्र पंचायत सदस्यों में आक्रोश था। आकांक्षी विकास खंड होने के बाद भी स्थानीय नागरिकों को किसी भी योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा था। तत्कालीन बीडीओ विजय कुमार सिंह द्वारा विकास कार्य में लापरवाही की जा रही थी। बीडीओ विजय सिंह से संपर्क किया गया लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया, उनका पक्ष आने के बाद प्रकाशित किया जाएगा।