न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट प्रथम ने सुनाया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट प्रथम दिनेश प्रताप सिंह की कोर्ट ने मारपीट करने के मामले में आरोपी के जमानत प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार सिंह ने बताया कि थाना बखिरा अंतर्गत ग्राम के रमेश चौहान ने तहरीर में आरोप लगाया था। कहा था कि दो दिसंबर 2023 की सुबह करीब छह बजे उसका छोटा भाई उमेश चौहान अपनी बाइक से गांव के बाहर बगीचे में गया था। मुकदमे बाजी की रंजिश को लेकर बदरे आलम, अनामुल्लाह, जलील, मन्नू चौहान व बैजनाथ चौहान निवासी ग्राम इमलिया थाना बखिरा पहले से एक राय होकर घात लगाकर जान से मारने की नीयत से बैठे थे। सभी पांचों लोगों ने जान से मारने की नीयत से बोगदा, भाला, कुदाल, लाठी-डंडे से अपशब्द कहते हुए जान माल से मारने की धमकी देते हुए उमेश चौहान को मारने-पीटने लगे। अधमरा जानकर छोड़कर मौके से भाग गए। मारने-पीटने से छोटे भाई के पैर व सिर में गंभीर चोट लग गई और पैर कट गया। बाइक भी क्षतिग्रस्त कर दी। उमेश को दवा, इलाज के लिए उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला अस्पताल लेकर गए।
तहरीर के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध हत्या का प्रयास, बलवा, जान माल की धमकी, मारपीट आदि धाराओं का केस दर्ज हुआ। आरोपी अनामुल्लाह ने कोर्ट में जमानत
प्रार्थना पत्र दाखिल किया। कहा कि वह निर्दोष है। उसे हैरान व परेशान करने के लिए गलत तरीके से फंसा दिया गया।
कोर्ट ने मामले गंभीरता तथा पक्षों की बहस सुनने के बाद थाना बखिरा अंतर्गत ग्राम इमलिया के आरोपी अनामुल्लाह का जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया।