- कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने दर्ज किया था केस
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट दिनेश प्रताप सिंह ने महिला को चाकू दिखाकर दुष्कर्म करने और धमकी देने के आरोपी टेंट हाउस मालिक की जमानत अर्जी खारिज कर दी। विशेष लोक अभियोजक फौजदारी आशीष प्रसाद पांडेय ने बताया कि धनघटा क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली पीड़िता ने कोर्ट में तहरीर दी, जिसमें कहा कि उसके पति रोजगार के सिलसिले में बाहर रहते हैं।
पीड़ित महिला के घर के बगल में 31 वर्षीय आरोपी का टेंट हाउस है। आरोपी पीड़िता पर बुरी नजर रखता है। 24 दिसंबर 2022 को रात्रि 11:00 बजे अपने घर से नित्य क्रिया के लिए महिला बाहर निकली थी। उसी दौरान आरोपी ने उसे पकड़ लिया और टेंट हाउस की दुकान में ले जाकर चाकू दिखाकर मुंह में कपड़ा ठूंस दिया। आरोप है कि आरोपी ने महिला से दुष्कर्म किया। शोर सुनकर गांव के तमाम लोग इकट्ठा हो गए और शटर खुलवा कर उसे निकलवाया।
आरोप है कि आरोपी ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए उसे जान से मार डालने की धमकी देते हुए कहा कि अगर किसी से यह घटना बताई तो उसके परिवार की हत्या करा देगा। कोर्ट के आदेश पर धनघटा में केस पंजीकृत हुआ। आरोपी ने न्यायालय में जमानत की अर्जी देकर कहा कि वह निर्दोष है। फर्जी केस में फंसा दिया गया है। पीड़िता के पति ने रेहन खेत के बदले पैसा लिया था। आरोपी ने जब पैसा मांगा तो फर्जी केस में फंसाने की धमकी दी।
आरोपी 19 जून से जेल में है। विशेष लोक अभियोजक फौजदारी ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि आरोपी ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया है। पीड़ित महिला ने अपने बयान में भी इसकी पुष्टि की है। पक्षों की बहस सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपी टेंट हाउस मालिक की जमानत अर्जी ख़ारिज कर दी।