संतकबीरनगर। सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार वर्मा प्रथम ने सहारा में जमा किए गए पैसे का कागज मां से मांगने से इन्कार करने से नाराज भाई ने बहन को पटक कर मार डाला था। इस मामले में आरोपी भाई जेल में बंद है। उसने जमानत की अर्जी दी। कोर्ट ने सुनवाई के बाद अर्जी निरस्त कर दी।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि थाना दुधारा के सुजिया निवासी रामशंकर प्रजापति ने थाने में प्रार्थना पत्र दिया कि 31 जुलाई 23 की शाम को वह अपनी पत्नी केवलपति व बहू शीला देवी तथा बेटी प्रिया के साथ बरामदे में बैठे थे कि उनका लड़का कपिल देव अपनी मां से सहारा में जमा किए पैसे का कागज मांगने लगा। उनकी 21 वर्षीय बेटी प्रिया ने कहा कि जब तक मम्मी-पापा जिंदा हैं, तब तक कागज नहीं मिलेगा। इसी बात से कपिल देव नाराज हो गया और वह प्रिया को उठाकर पटक दिया और मारने लगा। प्रिया को चोटें आ गईं और उसकी मौत हो गई है।
मामले में आरोपी बनाए गए भाई कपिल देव को पुलिस ने गिरफ्तार किया। विवेचक ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। आरोपी कपिल देव ने जमानत प्रार्थना पत्र अपने अधिवक्ता के माध्यम से सत्र न्यायाधीश के समक्ष प्रस्तुत किया। जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने विरोध किया व तर्क दिया कि जो व्यक्ति अपनी बहन को मार सकता है, वह साक्ष्य मिटाने के लिए किसी के साथ घटना कर सकता है। सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार वर्मा ने आरोपी कपिल देव की जमानत निरस्त कर दी।