-शहर में कुल 34 नाले, एक मशीन के सहारे चल रही नालों की सफाई
- जलभराव की समस्या से राहत मिलते नहीं दिख रहा
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। बारिश की शुरुआत होने के बावजूद नगर पालिका प्रशासन शहर के नालों की सफाई नहीं करा सका है। पालिका के पास करीब 500 सफाई कर्मी तैनात हैं फिर भी 15 नाले जाम हैं। जिन नालों की सफाई भी हो रही है उसमें खानापूरी की जा रही है। ऐसे तो एक पोकलेन के सहारे नाले की सफाई में तो महीने लग जाएंगे। वहीं शहर में बरसात के मौसम में जलभराव की स्थिति बनी रहेगी और पालिका की करीब एक लाख की आबादी को इससे जूझना पड़ेगा।
25 वार्डों में बंटी आबादी को स्वच्छ बनाने के लिए करीब पांच सौ सफाई कर्मचारी तैनात हैं। इनमें नियमित, संविदा और ठेके के सफाई कर्मचारी शामिल हैं। सफाईकर्मियों की इतनी बड़ी फौज होने के बाद भी पालिका प्रशासन नालों की सफाई नहीं करा सका है। सफाई न होने के कारण जगह-जगह नाले व नालियां जाम हैं। मौजूदा हालात यह है कि शहर के बंजरिया से नेदुला जाने वाले मार्ग पर नालियां जाम हो गई हैं। जिसके कारण सड़क तक नालियों का पानी फैला रहता है। इसी तरह नेहरु चौक से आजाद चौक तक की भी कमोवेश स्थिति यही है, यहां भी नाला जाम है। नालों पर लोगों ने बाकायदा चबूतरा बना लिया है, जिसके कारण सफाई नहीं हो पा रहा है।
शहर के मेंहदावल बाईपास, गोला बाजार, जूनियर हाईस्कूल के सामने, गोरखल, पुरानी सब्जी मंडी क्षेत्र सहित करीब 15 नाले जाम पड़े हैं। इधर बारिश शुरू होने के बाद जब शहर जलभराव से जूझने लगा तो आनन-फानन पालिका प्रशासन ने एक पोकलेन मशीन लगाकर नालों की सफाई शुरू कराई है।
एक-दूसरे से नहीं जुड़े नाले, बढ़ी परेशानी
नगर पालिका प्रशासन ने शहर के नालों को आपस में जोड़ने की योजना तैयार की है, लेकिन अब तक नालों को एक-दूसरे से जोड़ने का काम पूर्ण नहीं हो सका है। इसके कारण समस्या बढ़ गई है। इसके अलावा बनियाबारी से खुदवा तक नाला का निर्माण आधा-अधूरा है। इसे मानसून आने से पूर्व ही पूरा कराया जाना था। वर्तमान में कार्य भी ठप हो गया है। शहर के निवासी राजेंद्र कुमार, बैजनाथ, दिलीप कुमार आदि ने कहा कि बारिश शुरू हो गई है, लेकिन नालों की सफाई का कार्य पूर्ण नहीं हो सका है। एक पोकलेन से नाला साफ करने में महीनों लग सकते हैं। इससे शहरवासियों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ेगा।
शहर में जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। नालों की सफाई का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। जो नाले अधूरे हैं, उन्हें जल्द ही पूरा करा लिया जाएगा।
- जगत जायसवाल, अध्यक्ष, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद