- औद्याेगिक क्षेत्र के प्लाॅट के स्वामियों को भेजा जा रहा नोटिस, सर्वे में 78 इकाइयां बंद, 37 ने बना लिया आवास
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। औद्याेगिक क्षेत्र के 115 प्लाॅट के आवंटन निरस्त होंगे। प्रशासन के सर्वे में यह बात सामने आई कि 282 प्लाॅटों के आवंटन तो उद्मियों ने करा लिए, लेकिन कोई काम शुरू नहीं किया। उपायुक्त उद्योग की रिपोर्ट के मुताबिक सर्वे में 78 इकाइयां बंद पाई गईं हैं। वहीं 37 लोगों ने आवास बना लिया है। उपायुक्त उद्योग की रिपोर्ट पर प्रशासन ऐसे प्लाॅटों के आवंटन निरस्त करने की तैयारी में जुट गया है। इसके लिए प्लाॅट के स्वामियों को नोटिस भेजा जा रहा है।
औद्योगिक क्षेत्र में नए उद्योग स्थापित करने के लिए शासन-प्रशासन लगातार प्रयासरत है। निवेश के लिए समिट कराए जा रहे हैं, लेकिन कुछ लोग इनकी मंशा पर पानी फेर रहे हैं। औद्योगिक क्षेत्र में कुल 282 प्लाट का आवंटन हुआ। इन प्लाटों पर उद्यम लगाया जाना था, लेकिन जमीनी हकीकत इससे दूर है। डीएम ने उद्योग विभाग से सर्वे कराया तो 107 प्लाॅटों पर औद्योगिक इकाइयां संचालित होते पाई गईं, जबकि 78 इकाइयां बंद मिलीं। वहीं 37 लोगों ने आवास बना लिया है।
उपायुक्त उद्योग राजकुमार शर्मा की रिपोर्ट पर अब प्रशासन ऐसे प्लाॅटों के आवंटन निरस्त कराने की तैयारी में जुट गया है। इसके लिए इन प्लाॅट के स्वामियों को नोटिस भेजा जा रहा है। इसके बाद भी अगर प्लाॅट पर उद्योग नहीं लगाए जाएंगे तो प्लाॅट आवंटन निरस्त कराने के लिए कदम उठाए जाएंगे।
उद्योग लगते तो मिलता रोजगार
जिन प्लाॅटों का आवंटन किया गया है अगर वहां उद्योग लगाए जाते तो लोगों को रोजगार मिलता। इससे लोगों को बड़े शहरों की ओर पलायन भी रुक जाता, लेकिन प्लाॅट आवंटन कराने के बाद उद्योग न लगाने से शासन की मंशा पर पानी फिर रहा है।
24 इकाइयों में खुला है कार्यालय
औद्योगिक क्षेत्र में 24 इकाइयों पर कार्यालय खुला है। जिनमें बिजली निगम ऑफिस, एसबीआई बैंक, स्पोर्ट्स कॉलेज, पुलिस चौकी, स्कूल, जल निगम ऑफिस, फायर स्टेशन व अन्य कार्यालय शामिल हैं।
बोले जिम्मेदार
रिपोट संज्ञान में आई है। इस पर उद्यमियों से वार्ता करके प्रशासनिक प्रक्रिया के द्वारा उद्यम को चलवाने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही उद्यमियों को जो समस्या आ रही है उसका निदान कराया जाएगा।
- अरविंद पाठक, अध्यक्ष, उत्तर प्रदेश इंडस्ट्रीज एसोसिएशन
औद्योगिक क्षेत्र में जिन उद्यमियाें को प्लाॅट आवंटन किया गया है, उन्हें हर हाल में उद्यम लगाना होगा। जो लोग उद्यम नहीं लगा रहे हैं, उन्हें नोटिस भेजने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद भी अगर उद्योग नहीं लगाए जाएंगे तो प्लाॅटों के आवंटन निरस्त की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
- महेंद्र सिंह तंवर, डीएम